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कॉंग्रेस की बर्बादी के कारण

Shishir Ghatpande Blogs

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मुझे अपनों ने लूटा, ग़ैरों में कहाँ दम था!

मेरी क़श्ती वहाँ डूबी, जहाँ पानी कम था !!

ये पंक्तियाँ बिल्कुल सटीक बैठती हैं देश की सबसे पुरानी राजनैतिक पार्टी कॉंग्रेस पर. यदि आज कॉंग्रेस बर्बादी की कग़ार पर खड़ी है, बात अस्तित्व तक आ पहुँची है तो इसके लिये ख़ुद कॉंग्रेसी ज़्यादा ज़िम्मेदार हैं बजाए किसी मोदी लहर, सुनामी या करिश्मे के.. यदि यक़ीन न हो तो ज़रा कॉंग्रेस को बर्बादी की कग़ार तक पहुँचाने वाले कॉंग्रेसियों के इन बिगड़े बोलों पर नज़र डाल लीजिये:

कॉंग्रेस: राम एक काल्पनिक पात्र, राम का कोई अस्तित्व नहीं, राम सेतु राम ने नहीं बनाया

राहुल गाँधी: बेरोज़गारी के चलते युवा ISIS में शामिल होते हैं, लोग लड़कियाँ छेड़ने मन्दिर जाते हैं, कॉंग्रेस मुसलमानों की पार्टी, इस देश को हिन्दुओ से ज्यादा खतरा है, गरीबी एक सोच है मानसिक बीमारी है, पंजाब के 70% लोग नशेड़ी होते हैं, यूपी के लोग भिखारी होते हैं

मनमोहन सिंह: प्राकृतिक संसाधनों पर अल्पसंख्यकों का पहला अधिकार, हमारे पास कोई जादू की छड़ी नहीं है, जिससे महंगाई पर काबू किया जाये, पैसे पेड़ पर नहीं लगते

रंजीत रंजन: सेना प्रमुख हद में रहें

सन्दीप दीक्षित: सेना प्रमुख सड़कछाप गुण्डों की भाषा बोल रहे हैं

गुलाम नबी आज़ाद: यदि अफ़ज़ल गुरु को फाँसी दी गई तो जम्मू-कश्मीर में क़ानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ जाएगी, भारतीय सेना आतंकियों से ज़्यादा नागरिकों को मारती है

शशि थरूर: हिन्दू पाकिस्तान, हिन्दू तालिबान, अच्छा हिन्दू-बुरा हिन्दू

सुशील कुमार शिन्दे: हिन्दू आतंकवाद, मुस्लिम युवाओं पर से आतंकवाद के झूठे मुक़दमे वापस लिये जाएंगे, समझौता ब्लास्ट भगवा आतंकवादियों ने किया था, पुलिस अल्पसंख्यक वर्ग के युवाओं को बेवजह परेशान ना करे, बोफोर्स की ही तरह कोयला घोटाला भी जनता भूल जायेगी, पाकिस्तान के हिंदुओं को अपने ऊपर हों रहे अत्याचार के सबूत देने होंगे

कपिल सिब्बल: अगर राम आस्था का विषय है तो तीन तलाक़ भी आस्था का विषय, अन्तर्राष्ट्रीय मीडिया में आतंकियों के मारे जाने की कोई ख़बर/पुष्टि नहीं है

दिग्विजय सिंह: २६/११ में आरएसएस का हाथ, हिन्दू कोई शब्द ही नहीं, विवादित स्थल पर मन्दिर क्यों बना रहे हो? धार भोजशाला पर हिन्दुओं का कोई अधिकार नहीं, हाफ़िज़ “जी”, ओसामा “जी”, ज़ाकिर नाइक शान्तिदूत, भगवा आतंकवाद, जितने भी “हिन्दू” आतंकवादी पकड़े गए हैं उनका कनेक्शन आरएसएससे,सौ टंच माल, जिस प्रकार अमेरिका ने ओसामा बिन लादेन पर सबूत दिये थे, हमें भी देने चाहियें, पुलवामा आतंकी हमला नहीं दुर्घटना, भारत को RSS से ज़्यादा खतरा है न कि इस्लामिक आतंकवाद से

ज्योतिरादित्य सिन्धिया: देशविरोधी नारे लगाना देशद्रोह की श्रेणी में नहीं आता

पी. चिदम्बरम: कश्मीर में जनमत संग्रह होना चाहिये, महंगाई ज्यादा सोना खरीदने की वजह से बढ़ रही है, महंगाई अच्छी है, ये तो ऐसे ही बढ़ेगी

मणिशंकर अय्यर: मोदी नीच आदमी है, पाकिस्तान में जितनी इज़्ज़त मिलती है उतनी भारत में नहीं, भगवा और तिलक को देख कर गुस्सा आता है

सैफ़ुद्दीन सोज़: कश्मीर के लोगों को भारत से आज़ादी चाहिये

नवजोत सिंह सिद्धू: दो दिन में पाकिस्तान में वो मिला जो सारी ज़िन्दगी नहीं मिला, दक्षिण भारत से पाकिस्तान अच्छा, इमरान ख़ान का क़र्ज़दार हूँ, आतंकवाद के लिए किसी देश और व्यक्ति विशेष को जिम्मेवार नहीं ठहराया जा सकता, ३०० आतंकवादी मारे गए, हाँ या ना? पेड़ उखाड़ने गए थे क्या? चुनाव के चलते किया था क्या?

मल्लिकार्जुन खड़गे: आरएसएस ज़हर है

दिव्या स्पन्दना: आरएसएस मुस्लिम ब्रदरहुड की तरह

राज बब्बर: रूपया आपकी (मोदीजी की) पूजनीय माताजी की उम्र के क़रीब नीचे गिर गया है, पाँच रुपये में गरीवों को भरपेट भोजन मिल जाता है महँगाई कहाँ है

सीपी जोशी: उमा भारती की क्या जात है? साध्वी की क्या जात है? हिन्दू धर्म के बारे में केवल ब्राम्हण जानता है और  वो ही बोल सकता है… उमा भारती लोधी जात की हैं…हिन्दू धर्म के बारे में कभी उमा भारती बोलती हैं, कभी नरेन्द्र मोदी बोलते हैं

कमलनाथ: आज अगर मुसलमान समाज के ९०% वोट नहीं पड़े तो हमें बहुत बड़ा नुकसान है, इलेक्शन तक रुक जाओ, उसके बाद आर एस एस (हिन्दुओं) को निपटा देंगे, लोग आज राहुल गाँधी का मूत पीने को तैयार हैं

विलास मुत्तेमवार: मोदी का बाप कहाँ है?

रेणुका चौधरी: रेप तो होते रहते हैं

संजय निरुपम: आप तो टीवी पर ठुमके लगाती थीं, मोदी के वफ़ादार कुत्ते, संजय निरूपम: मोदी आधुनिक युग के औरंगज़ेब  की तरह

श्रीप्रकाश जायसवाल: बीवी पुरानी हो जाए तो मज़ा नहीं देती

सैम पित्रोदा: आठ लोगों के कारण समूचे पाकिस्तान को दोषी नहीं ठहराया जा सकता.. पुलवामा जैसी घटनाएँ होती रहती हैं, १९८४ हुआ तो हुआ, उसका क्या???

मनीष तिवारी: मैं हिन्दू नही हूँ

भीम सिंह: पुलिस और सेना के लोग मरने के लिए ही होते हैं

सलमान खुर्शीद: सोनिया मेरी माँ, सोनिया सारे देश की माँ, मैं सोनिया जी के लिए जान तक दे दूँगा

ए के एंटनी: हमारे सैनिकों को पाकिस्तान की सेना ने नहीं बल्कि उनकी वर्दियों में आतंकवादियों ने मारा है

चरणदास महन्त: सोनियाजी कहेंगीं तो मैं उनके घर झाड़ू-पोछा भी लगाऊँगा

धरम वीर गोयत: 90% बलात्कार तो लड़की की मर्जी से होते हैं

इमरान मसूद: मोदी की बोटी-बोटी कर देंगे

इसके अलावा कन्हैया कुमार-हार्दिक पटेल-जिग्नेश मेवानी-उमर ख़ालिद से दोस्ती, टुकड़े गैंग-अवॉर्ड वापसी गैंग-तथाकथित सेक्युलर गैंग-तथाकथित बुद्धिजीवी गैंग-तथाकथित पत्रकार गैंग-अलगाववादियों-पत्थरबाज़ों का समर्थन कॉंग्रेस को बहुत भारी पड़े हैं. इन सबके कारण आम जनता कॉंग्रेस से बहुत दूर चली गई है, बल्कि कॉंग्रेस से नफ़रत तक करने लगी है. कॉंग्रेस भूल गई कि वर्तमान में देश का सबसे बड़ा मुद्दा “राष्ट्रवाद” है. “राष्ट्रवाद” के नाम से ही युवाओं के ख़ून में उबाल सा आ जाता है और देश के जनप्रतिनिधियों के चयन में युवाओं का सबसे बड़ा योगदान है. देश के युवाओं को नाराज़ करके किसी भी पार्टी/उम्मीदवार को जीतना तो दूर सम्मानजनक हार तक नसीब नहीं हो सकती.

युवाओं की इसी नब्ज़ को मोदीजी ने बाख़ूबी पकड़ा और नतीजा लगातार दो बार ऐतिहासिक-प्रचण्ड विजय के रूप में सामने आया.

बहरहाल, मज़बूत लोकतन्त्र के लिये मज़बूत सकारात्मक विपक्ष का होना नितान्त अनिवार्य है ताकि कोई भी सरकार निरंकुश या तानाशाह न बन सके. इसीलिये हम तो यही चाहेंगे कि कॉंग्रेस ग़लतियों से सबक़ ले, सीखे और मज़बूती के साथ वापसी करे.

शिशिर घाटपाण्डे

मुम्बई

०९९२०४ ००११४, ०९९८७७ ७००८०

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