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पश्चिम चंपारण में 10.23 लाख प्लाट का होगा डिजिटल सर्वे, किसानों के खेतों पर पहुंचेगा कृषि विभाग

Published: Tue, 11 Aug 2026 05:23 PM (IST)

पश्चिम चंपारण में 13 अगस्त से डिजिटल क्राप सर्वे शुरू होगा, जिसमें 10.23 लाख प्लाटों का ब्योरा जुटाया जाएगा। यह ...और पढ़ें

खेत में लगी गन्ने की फसल । जागरण

खेत में लगी गन्ने की फसल । जागरण 

जागरण संवाददाता, बेतिया (पश्चिम चंपारण)। विभागीय निर्देश के आलोक में जिले में 13 अगस्त (बुधवार) से डिजिटल क्राप सर्वे शुरू किया जाएगा। इसके लिए जिले के सभी किसान सलाहकार, एसएमएस, बीटीएम, एटीएम सहित अन्य कृषि कर्मियों को लगाया जाएगा। कर्मी अपने-अपने आवंटित गांवों में जाकर किसानों के खेतों में लगी फसलों का डिजिटल सर्वे करेंगे।

इस दौरान फसल का रकबा, किस्म और प्रजाति सहित अन्य आवश्यक जानकारी जुटाई जाएगी।कृषि कर्मी किसान की मौजूदगी में प्रत्येक प्लाट का विवरण दर्ज करेंगे। खेत का जीपीएस लोकेशन लेने के बाद संबंधित जानकारी एप पर अपलोड की जाएगी।

जिले में कुल 10 लाख 23 हजार प्लाट का सर्वे किया जाना है। कर्मी बारी-बारी से सभी प्लाटों पर पहुंचकर फसल से संबंधित आवश्यक जानकारी जुटाएंगे।

सर्वे पूरा होने के बाद जिले में विभिन्न खरीफ फसलों के आच्छादन की सटीक तस्वीर सामने आ सकेगी।खरीफ मौसम में मुख्य रूप से धान, मक्का, बाजरा, अरहर, उड़द, तिल, मूंगफली और गन्ना सहित अन्य फसलों का सर्वे किया जाएगा।

इससे कृषि विभाग को जिले में किस फसल का कितना क्षेत्रफल है, इसकी अद्यतन जानकारी उपलब्ध हो सकेगी। फसलवार रकबा सामने आने के बाद संबंधित फसलों के लिए सरकारी योजनाओं की स्वीकृति और किसानों को योजनाओं का लाभ देने में भी सुविधा होगी। साथ ही भविष्य में कृषि योजनाओं की रूपरेखा तैयार करने में विभाग को मदद मिलेगी।

किसानों से सहयोग की अपील

जिला कृषि पदाधिकारी सरफराज असगर ने बताया कि डिजिटल क्राप सर्वे के लिए सभी विभागीय कर्मियों को निर्देश जारी कर दिया गया है। कर्मियों को अपने आवंटित क्षेत्र में पहुंचकर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार खेतों और फसलों का विवरण डिजिटल माध्यम से दर्ज करना होगा।

उन्होंने कहा कि डिजिटल क्राप सर्वे विभाग के साथ-साथ किसानों के लिए भी महत्वपूर्ण है। सर्वे के आंकड़ों के आधार पर किसानों के लिए विभिन्न सरकारी योजनाओं का आवंटन और उन्हें योजनाओं से आच्छादित करने की दिशा में कार्य किया जाएगा।

उन्होंने किसानों से अपील की कि कृषि कर्मियों के सर्वे के लिए खेतों पर पहुंचने पर उन्हें आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं और फसल व खेत से संबंधित विवरण दर्ज कराने में सहयोग करें।

डिजिटल क्राप सर्वे से जिले में फसलों के वास्तविक रकबे और प्लाटवार फसल की सटीक जानकारी उपलब्ध होगी। इससे कृषि विभाग को योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और किसानों को जरूरत के अनुसार लाभ पहुंचाने में सुविधा मिलेगी।
-- सरफराज असगर, जिला कृषि पदाधिकारी, पश्चिम चंपारण