सुपौल पुलिस ने पिपरा में तस्करों का प्लान किया फेल, 4 क्विंटल 27 किलो गांजा जब्त
सुपौल पुलिस ने पिपरा में बड़ी कार्रवाई करते हुए 4 क्विंटल 27 किलो 950 ग्राम प्रतिबंधित गांजा जब्त किया। इस ...और पढ़ें

HighLights
पिपरा में पुलिस ने भारी मात्रा में गांजा जब्त किया।
4 क्विंटल 27 किलो से अधिक गांजा बरामद, चालक गिरफ्तार।
तस्करी नेटवर्क का खुलासा करने में जुटी सुपौल पुलिस।
संवाद सूत्र, पिपरा (सुपौल)। पुलिस ने सूचना के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में प्रतिबंधित गांजा बरामद किया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने एक पिकअप वाहन को जब्त करते हुए उसके चालक को गिरफ्तार कर लिया। बरामद गांजा का कुल वजन 4 क्विंटल 27 किलो 950 ग्राम बताया जा रहा है। पुलिस की इस कार्रवाई से तस्करी के नेटवर्क में हड़कंप मच गया है।
थानाध्यक्ष राजेश कुमार झा ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि भुतहा क्षेत्र से एक पिकअप वाहन में भारी मात्रा में प्रतिबंधित गांजा लोड कर भागलपुर की ओर ले जाया जा रहा है।
संदिग्ध पिकअप वाहन को रोककर तलाशी
सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हो गई और सोमवार की सुबह से ही विभिन्न मार्गों पर सघन वाहन जांच अभियान शुरू कर दिया गया। इसी दौरान पुलिस ने पिपरा-सिहेंश्वर मार्ग एनएच-106 रेलवे पुल के समीप संदिग्ध पिकअप वाहन को रोककर तलाशी ली। तलाशी के दौरान वाहन में छिपाकर रखे गए भारी मात्रा में गांजा बरामद किया गया।
पुलिस ने मौके पर ही वाहन को जब्त कर चालक उपेंद्र कुमार नरेशिया शिहरा कोपा वार्ड नंबर 1थाना दुल्हिन बजार पटना को हिरासत में ले लिया। थानाध्यक्ष ने बताया कि जब्त गांजा की अनुमानित कीमत लाखों रुपये आंकी जा रही है।
चालक ने कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी
प्रारंभिक पूछताछ में चालक ने कई महत्वपूर्ण जानकारियां दी हैं, जिसके आधार पर पुलिस तस्करी गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान में जुट गई है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे किन इलाकों में पहुंचाने की योजना थी। घटना के बाद इलाके में चर्चा का माहौल बना हुआ है।
स्थानीय लोगों ने पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि लगातार बढ़ रही नशे की तस्करी पर रोक लगाने के लिए इस तरह की कार्रवाई बेहद जरूरी है।
पुलिस ने गिरफ्तार चालक के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही पूरे नेटवर्क का खुलासा करने के लिए छापेमारी अभियान भी तेज कर दिया गया है।
