-बच्चों को पाठ्यपुस्तक की राशि उपलब्ध कराने तक स्थगित रहेगा मई 2019 का वेतन

-एक दिन भी विद्यालय आने वाले बच्चों के खाते में भी जाएगी राशि

जागरण संवाददाता, सुपौल: प्रारंभिक विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों को पाठ्य-पुस्तक की राशि उपलब्ध कराने के मामले में विभाग काफी गंभीर है। विभाग की मंशा है कि बच्चों को ससमय पुस्तक की राशि ना सिर्फ उपलब्ध कराई जाए, बल्कि एक दिन भी स्कूल आने वाले बच्चों को यह राशि दी जाए। इस मामले में विभाग की गंभीरता का आकलन इसी बात से लगाया जा सकता है कि शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव आरके महाजन ने सभी जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सर्व शिक्षा अभियान, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, प्रखंड साधन सेवी, संकुल समन्वयक तथा सभी प्रधान को एक आदेश पारित कर पुस्तक की राशि उपलब्ध कराने तक मई 2019 का वेतन स्थगित रखने को कहा है। जारी आदेश में सचिव ने कहा है कि प्रारंभिक विद्यालयों के बच्चों को पुस्तक की राशि उपलब्ध कराने हेतु जिले को मांग के आधार पर सभी को राशि उपलब्ध कराई जा चुकी है। उपलब्ध राशि को जिला द्वारा विद्यालय शिक्षा समिति एवं विद्यालय शिक्षा समिति द्वारा संबंधित विद्यार्थियों के बैंक खाते में अंतरित किया जाना है। समीक्षा के क्रम में यह बात सामने आई है कि उक्त राशि को विद्यार्थी के बैंक खाते में हस्तांतरित करने की स्थिति संतोषप्रद नहीं है। दिए निर्देश में उन्होंने कहा है कि 1 दिन भी विद्यालय आने वाले सभी विद्यार्थियों के खाते में पुस्तक संबंधित राशि स्थानांतरित करते हुए सभी प्रधान इस आशय का प्रमाण पत्र अपने संबंधित बीआरसी, सीआरसी तथा बीईओ को उपलब्ध कराएंगे। संबंधित बीआरसी, सीआरसी एवं बीईओ अपने क्षेत्राधीन सभी विद्यालयों के संबंध में इस आशय का प्रमाण जिला कार्यालय को समर्पित करेंगे एवं सभी जिला शिक्षा पदाधिकारी व जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सर्व शिक्षा अपने जिले से संबंधित प्रमाण पत्र राज्य कार्यालय को भेजेंगे। जब तक प्रधानाध्यापकों द्वारा उनके विद्यालय के सभी विद्यार्थियों के खाते में राशि हस्तांतरित कर इसका प्रमाण पत्र सीआरसी, बीआरसी तथा बीईओ को समर्पित नहीं किया जाता तब तक उनका मई 2019 माह का वेतन स्थगित रहेगा। इसी प्रकार सीआरसीसी, बीआरसीसी तथा बीईओ द्वारा उनके संकुल एवं प्रखंड से संबंधित प्रमाण पत्र समर्पित नहीं किए जाने की स्थिति में उनका भी मई 2019 माह का वेतन स्थगित रहेगा। यही बात जिला शिक्षा पदाधिकारी एवं जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सर्व शिक्षा पर भी लागू रहेगा। जब तक यह पदाधिकारी इस बात का प्रमाण नहीं दे देते कि उनके क्षेत्राधीन सभी शत- प्रतिशत बच्चों को राशि उपलब्ध करा दी गई है। फिलहाल सचिव के इस आदेश से बच्चों को पाठ्य-पुस्तक की राशि उपलब्ध कराने के कार्य में तेजी आने के आसार बढ़ गए हैं।

Posted By: Jagran