सिवान। लॉकडाउन का असर बुधवार को मैरवा में कम दिखा। एक दिन पहले की अपेक्षा बाजार में भीड़ कुछ कम रही, लेकिन जो भी पहुंचे थे उन्हें देख ऐसा लगा कि कोरोना संक्रमण का डर उनमें बिल्कुल नहीं था। कुछ लोग मास्क लगाए हुए थे तो कुछ बिना मास्क के ही चहल कदमी कर रहे थे। ज्यादातर लोग बाइक से बाजार पहुंचे थे जिससे यह साफ था कि ग्रामीण क्षेत्र से लोग सामान खरीदने यहां पहुंचे थे। पूर्वाह्न 9 बजते ही पुलिस बाजार की सड़कों पर वाहन से गश्त करने लगी। स्टेशन चौक पर सन्नाटा छाया रहा। यहां अमूमन दिनभर भीड़ भाड़ रहती है लेकिन लॉकडाउन के पहले दिन ही यहां सन्नाटा रहा। मिठाई की दुकान के शटर गिरे हुए थे। राजेंद्र पार्क के निकट और नई बाजार में फुटपाथ पर सब्जी दुकानें सुबह सात बजे ही सज गई थीं।

सस्ती मिलीं सब्जियां

सुबह सात बजे से 10 बजे तक तो बाजार में सब्जियों के भाव पूर्व की तरह थे, लेकिन 10 बजे के बाद सब्जी के भाव में अचानक गिरावट आ गई। सब्जी विक्रेता 11 बजे सब्जी बेचकर बाजार से घर लौटना चाह रहे थे। परवल 15 से 25 रुपये प्रति किलो बेचा गया। 2 घंटे पहले तक इसकी कीमत बाजार में 30 से 50 रुपये प्रति किलो थी। इसी तरह बोरी 20 रुपये प्रति किलो बेची गई जो 10 बजे के पहले तक 30 रुपये प्रति किलो बिक रही थी। हरी मिर्च 60 रुपये किलो की जगह 30 रुपये प्रति किलो बिकने लगी। बैंगन 10 रुपये कम कर 40 रुपये किलो बेचा गया। वहीं आलू और प्याज की कीमत में इजाफा देखा गया। प्याज 25 रुपये प्रति किलो और आलू 22 रुपये प्रति किलो बेचा गया जो प्रति किलो 5 रुपये मंहगा था।

दवा की दुकान पर रही भीड़ :

सभी दवा दुकानों पर सुबह से ही भीड़ लगी रही। कई दवा की दुकानों पर कोविड-19 की धज्जियां उड़ाते हुए लोग देखे गए। वहां ग्राहकों के खड़े होने के लिए गोले नहीं बनाए गए थे, लेकिन जहां गोले बने थे वहां लोग उसका पालन नहीं कर रहे थे। सभी जल्दी में थे और कम समय में ही दवा खरीद कर घर लौटना चाहते थे। हालांकि दवा दुकान प्रतिदिन खुलने का निर्देश सरकार से प्राप्त है। फिर भी प्रशासन की संभावित सख्ती की कल्पना कर लोग इमरजेंसी दवा खरीद कर घर रखना चाह रहे थे ताकि अनावश्यक बाजार में नहीं निकलना पड़े।

दुकानों का शटर गिराकर बेचे गए समान :

नई बाजार, पुरानी बाजार, मंदिर रोड, बिचली बाजार, मझौली रोड, मेन रोड, मैरवा धाम, माल गोदाम रोड समेत विभिन्न बाजारों में पूर्ण लॉकडाउन के बावजूद मिनी लॉकडाउन की तरह दृश्य रहा। किराना दुकान पर भीड़ रही। वहां कोविड-19 का पालन करते हुए लोग नहीं दिखे। कई कपड़े और चप्पल जूते की दुकान खुले थे। हार्डवेयर ऑटो पा‌र्ट्स की दुकानें खुली रही। लॉकडाउन के दौरान जिन दुकानों को खोलने पर रोक लगा दी गई है उनके शटर गिरे हुए थे। दुकानदार बाहर बैठे थे और पर्दे के पीछे से सामान बेचने का काम चल रहा था।

Edited By: Jagran