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बिहार में अवैध ढुलाई पर लगेगी लगाम, 10 जून से खनिज के लिए ट्रांजिट पास अनिवार्य

Published: Sun, 07 Jun 2026 02:32 PM (IST)

बिहार में 10 जून से अन्य राज्यों से आने वाले लघु खनिजों के लिए इंटर-स्टेट ट्रांजिट पास (ISTP) अनिवार्य होगा। इससे सरकार का राजस्व बढ़ेगा।

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संवाद सूत्र, नवहट्टा (सहरसा)। अन्य राज्यों से बिहार में लघु खनिज लेकर प्रवेश करने वाले वाहनों के लिए नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय खान एवं भूतत्व विभाग ने लिया है।

विभाग के अनुसार 10 जून से बाहरी राज्यों से बालू, पत्थर तथा अन्य लघु खनिज लेकर बिहार आने वाले वाहनों के लिए इंटर स्टेट ट्रांजिट पास (आइएसटीपी) लेना अनिवार्य होगा।

इस व्यवस्था से  सरकार को राजस्व की प्राप्ति होगी सीओ मौनी बहन ने बताया कि नई व्यवस्था का उद्देश्य खनिज परिवहन को पारदर्शी बनाना, अवैध ढुलाई पर रोक लगाना तथा राज्य के राजस्व में वृद्धि सुनिश्चित करना है।

ट्रांजिट पास के लिए शुल्क निर्धारित 

विभाग द्वारा जारी निर्देश के अनुसार यदि परिवहन चालान में खनिज की मात्रा वजन के रूप में दर्ज है तो ट्रांजिट पास के लिए 60 रुपये प्रति मीट्रिक टन तथा मात्रा अध्यतन के रूप में अंकित होने पर 85 रुपये प्रति घनमीटर की दर से शुल्क निर्धारित किया गया है। 

इस व्यवस्था से एक ही चालान का बार-बार उपयोग कर खनिज डुलाई की प्रवृत्ति पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकेगा। साथ ही बिहार में आयातित खनिजों का सटीक आंकड़ा भी उपलब्ध हो सकेगा।

वाहन मालिकों को कराना होगा पंजीकरण 

सभी संबंधित वाहन मालिकों को अइएसटीपी पोर्टल पर अपना पंजीकरण कराना होगा। पंजीकरण के बाद प्राप्त लागिन आइडी व पासवर्ड के माध्यम से वाहन मालिक पोर्टल पर लागिन कर सकेंगे। अन्य राज्यों से खनिज स्रोत पर परिवहन चालान जारी होने के छह घंटे के भीतर वाहन पर लदे खनिज को मात्रा के अनुसार आनलाइन ट्रांजिट पास प्राप्त करना आवश्यक होगा।

ट्रांजिट पास का भुगतान भी पूरी तरह ऑनलाइन माध्यम से ही किया जाएगा। आइएसटीपी की वैधता मूल खनिज परिवहन चालान की वैधता के अनुरूप होगी। परिवहन के दौरान वाहन चालक के पास ट्रांजिट पास के साथ-साथ संबंधित राज्य द्वारा निर्गत वैध खनिज परिवहन चालान भी होना जरूरी है।

जांच के दौरान दोनों में से कोई एक दस्तावेज नहीं मिलने पर बिहार खनिज (समानुदान, अवैध खनन, परिवहन व भंडारण निवारण) नियमावली, 2019, यथा संशोधित 2026 के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

आमजनों पर बढ़ेगा आर्थिक भार 

ट्रांजिट पास की नई व्यवस्था से सरकार को जहां राजस्व की प्राप्ति होगी वंही आमजनों पर बोझ बढ़ेगा। भवन निर्माण सामग्री के विक्रेता एस एस हिमांशु ने बताया कि इसका असर मूल्य व बाजार पर पड़ेगा।

प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभार्थियों ने आवास निर्माण शुरू किया है जिन्हें ऊंची कीमत पर बालु खरीदना होगा।‌ पूर्वी कोसी तटबंध पर बाढ़ अवधि में संघर्षात्मक कार्य हेतु फत्थर भी अन्य राज्यों से मंगवाया जाता है। संवेदक सौरभ राय ने बताया कि पत्थर लाने पर ख़र्च बढ़ेगा। 

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