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ब‍िहार में निजी जमीन पर 200 पौधे लगवाइए, 5 साल तक हर माह 2400 रुपये देगी सरकार

Published: Wed, 12 Aug 2026 12:20 PM (IST)

बिहार सरकार 'बीजी रामजी योजना' के तहत निजी जमीन पर पौधारोपण के लिए आर्थिक सहायता दे रही है, जिसमें 10-14 ...और पढ़ें

न‍िजी जमीन पर पौधारोपण कराने पर म‍िलेगी प्रोत्‍साहन राश‍ि। सांकेत‍िक तस्‍वीर

न‍िजी जमीन पर पौधारोपण कराने पर म‍िलेगी प्रोत्‍साहन राश‍ि। सांकेत‍िक तस्‍वीर

HighLights

  1. निजी जमीन पर 200 पौधे लगाने पर लाभ।

  2. 5 साल तक हर माह 2400 रुपये की सहायता।

  3. योजना से हरियाली और ग्रामीण आय में वृद्धि।

पंचायत सूत्र, दरिहट (डेहरी)। अपनी निजी जमीन पर पौधारोपण कराकर सरकार से आर्थिक लाभ प्राप्त कर सकते हैं।इसके ल‍िए सरकार आर्थिक सहायता भी देगी। 

योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाने के साथ लोगों को रोजगार और अतिरिक्त आय का अवसर उपलब्ध कराना है।

डेहरी प्रखंड की चार पंचायतों, बरांव कलां, मझियांव, दरिहट एवं बेरकप पंचायत में बीजी रामजी योजना के तहत निजी भूमि पर पौधारोपण कराया जाएगा।

10 से 14 कट्ठा जमीन होना जरूरी

कार्यक्रम पदाधिकारी सुमित सिन्हा ने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए लाभुक के पास अपनी 10 से 14 कट्ठा निजी जमीन होनी चाहिए।

जमीन लाभुक के नाम से रजिस्टर्ड होना अनिवार्य है। इच्छुक लाभुक अपनी जमीन पर पौधारोपण कराने के लिए संबंधित कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।

एक यूनिट में लगाए जाएंगे 200 पौधे

योजना के तहत एक यूनिट में कुल 200 पौधे लगाए जाएंगे। पौधों की सुरक्षा के लिए संबंधित भूमि की कंटीले तार से घेराबंदी भी कराई जाएगी। इससे पौधों को पशुओं और अन्य कारणों से होने वाले नुकसान से बचाया जा सकेगा।

पांच साल तक मिलेंगे 2400 रुपये प्रतिमाह

पौधों की देखरेख और संरक्षण के लिए लाभुक को 2400 रुपये प्रतिमाह की दर से राशि दी जाएगी। यह राशि लगातार पांच वर्षों तक उपलब्ध कराई जाएगी। इससे लाभुकों को पौधों की नियमित देखभाल करने के साथ अपनी निजी जमीन से अतिरिक्त आय का अवसर भी मिलेगा।

पंचायत कार्यालय से ले सकते हैं जानकारी

योजना का लाभ लेने के इच्छुक लाभुक कार्यक्रम पदाधिकारी कार्यालय अथवा संबंधित पंचायत कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।

अधिकारियों के अनुसार निजी भूमि पर पौधारोपण से पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही ग्रामीणों को रोजगार और नियमित आय का अतिरिक्त साधन उपलब्ध होगा।