यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 28, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
लंदन में काम कर चुकी रचेल को तेजस्वी यादव में क्या दिखी खूबियां, बताया नेता प्रतिपक्ष की दुल्हन ने
बिहार विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और रेचल गोडिन्हो (राजश्री यादव) की शादी को करीब 20 दिन हो चुके ...और पढ़ें

पटना, आनलाइन डेस्क। बिहार विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव और रेचल गोडिन्हो (राजश्री यादव) की शादी को करीब 20 दिन हो चुके हैं। लेकिन अब भी इनकी शादी चर्चा में है। राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी (Lalu Prasad Yadav and Rabri Devi) के घर में इस शादी से लंबे समय बाद खुशियां लौटी हैं। शादी के कुछ दिनों बाद बीच-बीच में तेजस्वी राजनीतिक रूप से सक्रिय भी हुए। सरकार पर कई मोर्चे पर निशाना साधा। फिलहाल यह नवविवाहित जोड़ा शादी की खुशियां मनाने में व्यस्त है। इस इंटर रिलीजन मैरिज को लेकर पक्ष-विपक्ष हर ओर से बधाई दी गई। लेकिन इसी दौरान बिहार सरकार के पंचायती राज मंत्री सम्राट चौधरी ने एक नयी सियासी बात कह दी। उन्होंने कहा कि जिन्होंने जाति की दीवार तोड़कर शादी की उन्हें जातीय जनगणना से क्या मतलब।
लगा ही नहीं था कि इतनी कम उम्र में इतने बेहतर लीडर बन जाएंगे
लालू परिवार में पहली बार हुए इस अंतर धार्मिक विवाह को लेकर लोगों में काफी उत्सुकता रही। गोवा के क्रिश्चियन परिवार से ताल्लकुात रखने वाली रेचल (अब राजश्री) तेजस्वी से विवाह के बाद पूरी तरह से एक भारतीय नारी के अवतार में दिखीं। लाल साड़ी, मांग में सिंदूर, हाथों में मेहंदी, चूड़ियां पहने नजर आईं राजश्री अपने पति को बिहार की चिंता करने वाला सुलझा हुआ नेता बताती हैं। उनका कहना है कि तेजस्वी सहज, सरल और जमीन से जुड़े नेता हैं।अंग्रेजी एक्सेंट में ही जब उन्होंने कहा कि बिहार ठीक बा तो उनकी सास राबड़ी देवी और पति तेजस्वी मुस्कुराए बिना नहीं रह सके। ग्रेजुएशन के बाद राजश्री ने कुछ दिनों तक लंदन के बार्कले बैंक में काम किया। हरियाणा के रेवारी की रहने वालीं रेचल और तेजस्वी यादव डीपीएस आरकेपुरम में साथ पढ़ते थे। स्कूल के बाद भी दोनों में दोस्ती कायम रही। राजश्री बताती हैं कि तेजस्वी उन्हें काफी बुद्धिमान और सुलझे हुए इंसान लगे। वे कहती हैं कि इतनी कम उम्र में तेजस्वी इतने बड़े राजनेता बन जाएंगे, स्कूल के दिनों में ऐसा सोचा भी नहीं था। लेकिन उन्हें बिहार और बिहार के लोगों की चिंता रहती है। उन्होंने यह भी कहा कि बिहार की जनता उन्हें सीएम बनाएगी।
बता दें कि इस शादी के बाद तेजस्वी के मामा साधु यादव काफी नाराज हो गए। इसके बाद भाई के साथ ढाल बनकर तेजप्रताप यादव खड़े हुए। मामा को जमकर खरीखोटी सुनाई। लेकिन तेजस्वी ने उनके बयान को तवज्जो नहीं दी।
