पटना, जेएनएन। बिहार विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था में बुधवार को बड़ी चूक देेखने को मिली। बजट सत्र के दौरान राजद नेता तेजप्रताप यादव अपने बाउंसरों के साथ विधानसभा पहुंच गए। बाउंसरों के पास हथियार भी थे। इसका पता चलते ही हड़कंप मच गया। 

विधानसभा में तेजप्रताप के साथ बाउंसर की एंट्री के बाद सियासी बवाल खड़ा हो गया है। विपक्ष के हंगामे के बाद डीजीपी को तलब किया गया है। विधानसभा पहुंचे प्रदेश के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने कहा है कि आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

मीडियाकर्मियों ने जब उनसे बाउंसरों को लेकर इस तरह आने के बारे में पूछा तो तेजप्रताप ने कहा कि सरकार मुझे सुरक्षा नहीं दे रही है तो क्या करूं? अपने साथ बाउंसर लेकर चलता हूं। मैं तो देखना चाहता था कि विधानसभा की सुरक्षा व्यवस्था कैसी है?

विधानसभा परिसर में हथियार से लैस बाउंसर बिना परिचय पत्र के घुसे थे। इस संबंध में जब मीडियाकर्मियों ने पूछा तो बाउंसर बगले झांकने लगे। वो जगह अति सुरक्षित क्षेत्र में आता है। मीडिया की नजर पड़ते ही तेज प्रताप विधानसभा के अंदर घुस गए, जबकि, सभी बाउंसर वहां से एक-एक कर निकलने लगे।

संसदीय कार्य मंत्री श्रवण कुमार ने कहा-

इस मामले पर संसदीय कार्यमंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि विधानसभा कोई टेस्टिंग की जगह नहीं। विधानसभा में नियम और कानून बनाए जाते हैं। कानून बनाने वाले ही अगर नियम तोड़ने लगेंगे तो जनता के बीच क्या मैसेज जाएगा?

वहीं, राजद नेता भाई वीरेंद्र ने मीडियाकर्मियों पर ही सवाल उठाते हुए कहा कि आप लोग कौन होते हैं पास चेक करने वाले? विधानसभा के गेट पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों की जिम्मेदारी है कि पास चेक कर किसी को अंदर आने दें।

एसएसपी ने कहा-जांच की जा रही है

इस संबंध में पटना एसएसपी गरिमा मलिक ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है। मामला प्रोटोकॉल तोड़ने का है। वीडियो के आधार पर लोगों को चिन्ह्रित किया जा रहा है। दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।

Posted By: Kajal Kumari