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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 22, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Bihar Politics: 'नीतीश का वही हाल होगा जो...', जगदीप धनखड़ के इस्तीफे पर तेजस्वी का बड़ा बयान

Published: Tue, 22 Jul 2025 09:53 PM (IST)

राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का इस्तीफा भाजपा को नीतीश कुमार पर पुनर्विचार के लिए ...और पढ़ें

'नीतीश का वही हाल होगा जो...', जगदीप धनखड़ के इस्तीफे पर तेजस्वी का बड़ा बयान
'नीतीश का वही हाल होगा जो...', जगदीप धनखड़ के इस्तीफे पर तेजस्वी का बड़ा बयान

HighLights

  1. तेजस्वी- धनखड़ के इस्तीफे से भाजपा पर दबाव
  2. शाह का बयान- नीतीश के नेतृत्व में चुनाव
  3. राजद का आरोप- भाजपा की साजिश

राज्य ब्यूरो, पटना। राजद नेता तेजस्वी यादव ने मंगलवार को दावा किया कि उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का त्यागपत्र भाजपा को बिहार में नीतीश कुमार को एनडीए का नेता बनाए रखने की विवशता पर पुनर्विचार के लिए बाध्य करेगा।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एक हालिया बयान का हवाला देते हुए तेजस्वी ने कहा कि विधानसभा चुनाव के बाद नीतीश का वही हश्र होगा, जो महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे का हुआ था। शिंदे को भाजपा के देवेंद्र फणनवीस के लिए रास्ता बनाना पड़ा था।

धनखड़ के अचानक त्यागपत्र और बिहार पर उसके संभावित प्रभाव के बारे में पूछे जाने पर तेजस्वी ने कहा कि अब यह प्रश्न स्वाभाविक है कि भाजपा को नीतीश का समर्थन करने की क्या विवशता है। यह वास्तव में भाजपा के दिमाग में है कि नीतीश को किसी तरह से हटा दिया जाना चाहिए।

यही कारण है कि शाह ने हाल ही में कहा कि विधानसभा चुनाव नीतीश के नेतृत्व में लड़ा जाएगा, लेकिन एनडीए के सत्ता में बरकरार रहने की स्थिति में मुख्यमंत्री कौन होगा, यह समय के साथ तय किया जाएगा।

इस बीच विधानसभा में राजद के मुख्य सचेतक अख्तरुल इस्लाम शाहीन का दावा है कि धनखड़ का त्यागपत्र वस्तुत: नीतीश को किनारे करने का भाजपा का षड्यंत्र है। अपने इस दावे की पुष्टि में उन्होंने पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी के एक वक्तव्य का हवाला दिया।

बताया कि नीतीश के एनडीए से अलग होने पर सुशील ने कहा था कि जदयू सुप्रीमो शीर्ष संवैधानिक पद पर नजर गड़ाए हुए थे और जब भाजपा ने इनकार कर दिया, तो एनडीए छोड़कर सरकार गिरा दी, ताकि महागठबंधन सत्ता में आ सके।