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सोनपुर एयरपोर्ट से इंद्रपुरी जलाशय तक बदलेगी तस्वीर, सोन-फल्गु लिंक के लिए भी केंद्र से मांगे 996 करोड़

Published: Thu, 03 Sep 2026 07:12 PM (IST)

बिहार सरकार बाढ़ प्रबंधन और सीमा क्षेत्र कार्यक्रम के तहत केंद्र से बजटीय प्रावधान बढ़ाने का दबाव बना रही है। ...और पढ़ें

इंद्रपुरी जलाशय से सोन नहर प्रणाली को मिलेगी मजबूती(AI फोटो)

इंद्रपुरी जलाशय से सोन नहर प्रणाली को मिलेगी मजबूती(AI फोटो)

HighLights

  1. केंद्र से बाढ़ प्रबंधन हेतु बजटीय प्रावधान बढ़ाने की मांग।

  2. इंद्रपुरी जलाशय, सोन-फल्गु लिंक, सारण परियोजनाएं शामिल हैं।

  3. सोन-फल्गु लिंक के लिए 996 करोड़ रुपये की मांग।

राज्य ब्यूरो,पटना। बिहार फ्लड मैनेजमेंट एंड बार्डर एरिया प्रोग्राम (एफएमबीएपी) के तहत केंद्र सरकार से बजटीय प्रविधान बढ़ाने का दबाव बनाएगा। राज्य सरकार का तर्क है कि बिहार देश के सबसे अधिक बाढ़ प्रभावित राज्यों में शामिल है। मुख्यमंत्री स्वयं केंद्र को अवगत करा चुके हैं कि राज्य का करीब 73 प्रतिशत भौगोलिक क्षेत्र बाढ़ की चपेट में आता है।

गंगा, कोसी, गंडक और बागमती जैसी नदियों के कारण हर वर्ष बड़ी आबादी प्रभावित होती है।

2027-28 के बजट में तीन परियोजनाओं को शामिल करने की मांग

जल संसाधन विभाग ने वित्तीय वर्ष 2027-28 के बजट में तीन महत्वपूर्ण परियोजनाओं को शामिल करने का केंद्र से अनुरोध किया है।

इनमें इंद्रपुरी जलाशय परियोजना, सोन-फल्गु रिवर लिंक परियोजना और सारण जिले की बाढ़ नियंत्रण एवं जल निकासी परियोजना शामिल हैं।

राज्य सरकार का मानना है कि इन परियोजनाओं से बाढ़ नियंत्रण के साथ सिंचाई और जल उपलब्धता की समस्या भी कम होगी।

इंद्रपुरी जलाशय से सोन नहर प्रणाली को मिलेगी मजबूती

इंद्रपुरी जलाशय परियोजना से सोन नहर प्रणाली को दीर्घकालिक स्थिरता प्रदान करने की योजना है। बिहार और झारखंड के बीच जल बंटवारे को लेकर एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद परियोजना को आगे बढ़ाने का रास्ता साफ हुआ है। राज्य सरकार ने आगामी केंद्रीय बजट में इसके लिए आवश्यक बजटीय प्रविधान करने का अनुरोध किया है।

सोन-फल्गु लिंक के लिए मांगे गए 996 करोड़

सोन-फल्गु रिवर लिंक परियोजना के तहत सोन नदी के पानी को पाइपलाइन और नहरों के माध्यम से फल्गु नदी तक पहुंचाने की योजना है।

इससे गया और औरंगाबाद के सूखाग्रस्त क्षेत्रों में सिंचाई, पेयजल और औद्योगिक उपयोग के लिए पानी उपलब्ध कराया जा सकेगा।

साथ ही फल्गु नदी में सालभर पानी की उपलब्धता सुनिश्चित करने में भी मदद मिलेगी। इसके लिए केंद्र से 996 करोड़ रुपये की मांग की गई है।

सारण बाढ़ नियंत्रण परियोजना पर 1,350.95 करोड़ होंगे खर्च

सारण जिले की बाढ़ नियंत्रण एवं जल निकासी परियोजना (फेज-1) की अनुमानित लागत 1,350.95 करोड़ रुपये है। इसके तहत मुख्य जलनिकासी चैनलों का जीर्णोद्धार, नए रेगुलेटरों का निर्माण और अन्य संरचनात्मक कार्य किए जाएंगे। परियोजना से सारण क्षेत्र में बाढ़ का प्रभाव कम करने और कृषि भूमि की सुरक्षा में मदद मिलेगी।

सोनपुर एयरपोर्ट और एयरोसिटी को भी मिलेगा लाभ

प्रस्तावित परियोजना से सोनपुर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट, एयरोसिटी और आसपास के शहरी क्षेत्रों को भी लाभ मिलने की उम्मीद है।

राज्य सरकार का जोर है कि बिहार की बाढ़ संबंधी जरूरतों को देखते हुए एफएमबीएपी के तहत केंद्रीय सहायता बढ़ाई जाए, ताकि इन महत्वपूर्ण परियोजनाओं को समय पर आगे बढ़ाया जा सके।