पटना । दानापुर मंडल में फर्जी तरीके से बहाली के नाम पर लूट मची है। दलाल यहां के कर्मचारियों की मिलीभगत से दूरदराज के बेरोजगार युवकों को बहकाकर उनसे मोटी रकम की वसूली कर रहे हैं। इस बात का खुलासा तब हुआ जब सोमवार को सचिवालय हॉल्ट के केबिन में तीन युवक केबिनमैन की नौकरी ज्वाइन कर प्रशिक्षण लेने पहुंचे। केबिनमैन ने तत्काल इसकी सूचना दानापुर कंट्रोल को दे दी। वहां से पटना जंक्शन आरपीएफ को इसकी सूचना दी गई। तत्काल इंस्पेक्टर वीएन कुमार ने तीनों को हिरासत में लेकर पूछताछ के लिए आरपीएफ थाने लेकर पहुंच गए।

इस बाबत आरपीएफ इंस्पेक्टर श्री कुमार ने बताया कि धनबाद निवासी विवेक कुमार, कुशीनगर निवासी प्रवीण कुमार एवं आसनसोल निवासी कपिल कुमार सुबह दस बजे सचिवालय हाल्ट के पास केबिन में प्रशिक्षण लेने पहुंचे थे। पूछताछ के दौरान तीनों ने बताया कि दिनेश नामक एक व्यक्ति अपने को मंडल कार्यालय का एकाउंटेंट बताकर उनलोगों से नौकरी के नाम पर एक-एक लाख रुपये ले लिए हैं। उनके साथ प्रदीप नाम का भी एक रेलकर्मी था। उनसे दानापुर में ज्वाइनिंग ले ली गई और सचिवालय हॉल्ट पर प्रशिक्षण के लिए भेज दिया गया था। उन्हें नहीं पता चला कि नियुक्तिपत्र असली है या नकली। विवेक पहले गिरीडीह के लोहा फैक्ट्री में काम करता था। मिथुन कुमार ने उसे दिनेश से मुलाकात करवाई थी। इस मामले को आरपीएफ ने जीआरपी थाने को सुपुर्द कर दिया है। जीआरपी पूछताछ में जुट गई है।

By Jagran