पटना, जागरण संवाददाता। लॉकडाउन में पटना में अपराध की दर कम हो गई है। लूट, छिनतई और चोरी के मामले काफी कम हो गए हैं। इसके पीछे दो वजहें हैं। एक तो लोग घर से बाहर निकल नहीं रहे कि उनके साथ लूट और छिनतई हो और इसी वजह से उनके घर में चोरी करना भी संभव नहीं रह गया है। अपराधी भी कोरोना वायरस के डर से घरों में छिपे बैठकर समय काट रहे हैं। लेकिन पटना की पुलिस के पास काम की कमी नहीं है। पुलिस वाले आजकल कुछ दूसरे किस्‍म के काम-धंधों में लग गए हैं। लॉकडाउन के बाद घरेलू विवाद की समस्‍याएं बढ़ गई हैं और ऐसी काफी शिकायतें पुलिस के पास आ रही हैं। पुलिस भी ऐसे मामलों को निपटाने में तत्‍परता दिखा रही है। ऐसे कई मामले पुलिस ने फोन पर काउंसेलिंग के जरिये ही निबटा दिए। पुलिस ने ऐसे मामलों में काउंसेलिंग करने के लिए अलग ही टीम बना रखी है।

बच्‍चे खेल रहे थे मोबाइल गेम और बड़ों ने कर दी बचकानी हरकत

पटना के कमला नेहरू नगर में कुछ दिनों पहले दो परिवारों का विवाद थाने तक पहुंचा। इनके घर में बच्‍चे मोबाइल में गेम खेलने को लेकर आपस में उलझ गए। मामला बच्‍चों के माता-पिता तक पहुंचा तो उन्‍होंने इसे खत्‍म कराने की बजाय विवाद को और बढ़ा दिया। इसके बाद शिकायत थाने तक पहुंची। पुलिस ने फोन पर दोनों पक्षों की शिकायत सुनी और आपस में मिलकर रहने की सलाह दी। पुलिस ने अगले दिन भी फोन कर उनका हाल जाना।

बीमार पत्‍नी को देखने नहीं आ रहा था पति

पिछले दिनों पटना के महिला थाने में एक अजीब शिकायत आई। शिकायत करने वाली महिला ने बताया कि वह कोविड संक्रमित हो गई है। बीमार हालत में उसकी देखभाल के लिए घर में कोई नहीं है। महिला का पति बाहर रहता है और बीमारी की जानकारी देने पर भी आने को तैयार नहीं था। मामला पुलिस तक पहुंचा तो अधिकारी ने सीधे पति को फोन किया और उसे समझाया। पुलिस के समझाते ही पति ने बीमार पत्‍नी की देखभाल के लिए अपनी एक रिश्‍तेदार को उसके पास तुरंत भेज दिया और दो दिनों बाद खुद भी लौट आया।