बिहार में 'नोटों की गड्डी' का खेल: पाटलिपुत्र जंक्शन पर 500 के एक नोट से हजारों की ठगी का प्लान, युवक गिरफ्तार
पाटलिपुत्र जंक्शन पर यात्रियों को नकली नोटों की गड्डी दिखाकर ठगी करने की तैयारी कर रहे एक युवक को RPF ...और पढ़ें

2500 रुपये नकद बरामद
HighLights
पाटलिपुत्र जंक्शन पर नकली नोटों से ठगी का प्रयास।
RPF ने दरभंगा के कमरे आलम को किया गिरफ्तार।
पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में।
जागरण संवाददाता, पटना। पाटलिपुत्र जंक्शन पर यात्रियों को नकली नोटों की गड्डी दिखाकर ठगी करने की तैयारी कर रहे एक युवक को RPF ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपित की पहचान दरभंगा के मुरैठा गांव निवासी कमरे आलम के रूप में हुई है।
उसके पास से 2500 रुपये नकद बरामद हुए। इसके अलावा अखबार और कागज की ऐसी गड्डी भी मिली, जिसके ऊपर-नीचे असली नोट चिपकाकर उसे दूर से नोटों की गड्डी जैसा बनाया गया था।
आरोपित कथित तौर पर इसी गड्डी का झांसा देकर यात्रियों को अपने जाल में फंसाने की तैयारी में था। मामला सामने आने के बाद स्टेशन पर ठगी के इस तरीके को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है।
पुलिस को देखते ही भागा, फिर दबोचा गया
मंगलवार रात करीब 11:30 बजे पाटलिपुत्र जंक्शन के सर्कुलेटिंग एरिया में शौचालय और स्वचालित सीढ़ी के बीच RPF की टीम गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिसकर्मियों की नजर एक संदिग्ध युवक पर पड़ी।
पुलिस को देखते ही युवक भागने लगा। शक गहराने पर जवानों ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उसके बैग से कपड़ों के बीच रुमाल में लिपटा अखबार बरामद हुआ।
अखबार को काले टेप से बांधा गया था और ऊपर-नीचे नोट लगाए गए थे। दूर से देखने पर पूरा पैकेट नोटों की गड्डी जैसा नजर आता था।
ऊपर असली नोट, अंदर कागज... ऐसे चलता था खेल
पूछताछ में आरोपित ने पुलिस को बताया कि वह इसी तरीके से यात्रियों को झांसे में लेकर ठगी करता था। यानी दिखता नोटों का बंडल था, लेकिन असल में अंदर कागज और अखबार भरे थे।
RPF ने आरोपित को बरामद सामान और लिखित शिकायत के साथ पाटलिपुत्र GRP को सौंप दिया है। मामले की जांच SI शैलेंद्र कुमार सिंह कर रहे हैं।
अब जांच का फोकस सिर्फ गिरफ्तार युवक तक सीमित नहीं है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस खेल के पीछे और कौन-कौन लोग हैं।
कितने यात्रियों को बनाया शिकार? अब गैंग की तलाश
जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपित अब तक कितने लोगों को ठगी का शिकार बना चुका है। साथ ही यह सवाल भी है कि यह गिरोह किन-किन रेलवे स्टेशनों पर सक्रिय है।
पुलिस गिरोह में शामिल अन्य लोगों की भूमिका और ठगी के संभावित मामलों की भी पड़ताल कर रही है।
अगर जांच में बड़ा नेटवर्क सामने आता है, तो पाटलिपुत्र जंक्शन पर पकड़ी गई यह कार्रवाई किसी बड़े ठगी गिरोह तक पहुंचने का रास्ता खोल सकती है।
