पटना, जेएनएन। राजधानी में डेंगू मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। इस मौसम में डेंगू मरीजों की संख्या पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में शनिवार को 1865 पर पहुंची गई। केवल शनिवार को ही पीएमसीएच में 110 डेंगू मरीज मिले। वहीं नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल के माइक्रो बायोलॉजी विभाग में शनिवार को डेंगू के 94 मरीजों के नमूनों की जांच की गई। इनमें से 42 को डेंगू होने की पुष्टि हुई। इसके अलावा राजधानी के अधिकांश अस्पताल डेंगू मरीजों से भरे पड़े हैं।

पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. राजीव रंजन प्रसाद ने बताया कि डेंगू मरीजों की जांच की समुचित व्यवस्था की गई है। शनिवार को कुल 183 लोगों की डेंगू की जांच की गई, जिसमें 110 लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई। अधीक्षक ने कहा कि पीएमसीएच में डेंगू मरीजों के लिए 75 बेड की व्यवस्था की गई है। वर्तमान में पीएमसीएच में 40 बेड डेंगू मरीजों के लिए हैं। फिलहाल 30 बेड खाली हैं। अगर कोई मरीज आता है, तो उसे भर्ती किया जाएगा। अधीक्षक के अनुसार जरूरत पड़ने पर बेडों की संख्या भी बढ़ाई जा सकती है।

पीएमसीएच की जांच पर उठा सवाल

पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल (पीएमसीएच) की जांच पर एक बार फिर सवाल उठ खड़ा हुआ है। जांच पर सवाल उठा रहे हैं अर्चना के परिजन। उसके परिजनों का कहना है कि 11 अक्टूबर को महिला को पीएमसीएच में भर्ती कराया गया। जांच के क्रम में बताया गया कि डेंगू नहीं है, लेकिन जब निजी अस्पताल में जांच कराई गई तो डेंगू निकला।

इसका खामियाजा मरीज को भुगतना पड़ा और मरीज की मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि मरीज की सही तरीके से जांच की गई होती तो उसे बचाया जा सकता था। इस संबंध में पीएमसीएच के अधीक्षक का कहना है कि अर्चना की मौत के संबंधी में कोई सूचना नहीं मिली है। अगर किसी तरह की शिकायत मिलती है, तो उसकी जांच कराई जाएगी।

प्रामंडलीय आयुक्त ने की समीझा

प्रमंडलीय आयुक्त संजय अग्रवाल ने शनिवार को पीएमसीएच का निरीक्षण कर डेंगू के मरीजों को दिए जा रहे इलाज की समीक्षा की। पीएमसीएच के प्राचार्य ने बताया कि डेंगू मरीजों के लिए वार्ड में 75 बेड सुरक्षित कराया गया है। 45 बेड पर ही डेंगू के मरीज भर्ती हैं, 30 बेड खाली हैं। आयुक्त ने डेंगू वार्ड के सभी चिकित्सकों से डेंगू के मरीजों का नियमित देखभाल करने एवं सभी सुविधाएं मुहैया कराने का निर्देश दिया।

समीक्षा बैठक में आयुक्त को बताया गया कि अभी तक पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल में प्लेटलेट्स की कमी नहीं है। 40 यूनिट प्लेटलेट्स उपलब्ध हैं। डेंगू का इलाज किया जा रहा है। निजी अस्पतालों से भी पीएमसीएच में डेंगू के जांच के लिए सैंपल आ रहे हैं। पूरी तरह स्थिति नियंत्रण में है। आयुक्त ने एनएमसीएच के प्राचार्य द्वारा डेंगू की रोकथाम एवं इलाज के उपायों की भी समीक्षा की।

Posted By: Akshay Pandey

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप