पटना [राज्य ब्यूरो]। पेट्रोल- डीजल और गैस के मूल्य में बेतहाशा वृद्धि के खिलाफ पूर्व मुख्यमंत्री व हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जीतनराम मांझी गुरुवार को राजधानी पटना की सड़कों पर उतरे। मांझी ने पेट्रोलियम पदार्थों की कीमत में बढ़ोतरी के लिए केन्द्र और राज्य सरकार को दोषी करार दिया। उन्होंने कीमत कम नहीं होने पर आंदोलन को व्यापक करने की चेतावनी दी। बाद में हम का आठ सदस्यीय शिष्टमंडल राज्यपाल सत्यपाल मलिक से मिला और उन्हें अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा।

पेट्रोलियम पदार्थों की कीमत में वृद्धि के विरोध में मांझी के नेतृत्व में गांधी मैदान स्थित रामगुलाम चौक से जनाक्रोश मार्च निकला। कार्यकर्ताओं का जत्था पोस्टर और बैनर लेकर केन्द्र सरकार और राज्य सरकार के विरुद्ध नारेबाजी करते राजभवन के लिए कूच कर गया। प्रशासन द्वारा गांधी मैदान के समीप स्थित जेपी गोलबंर से जत्थे को आगे बढऩे की इजाजत नहीं दिये जाने पर कार्यकर्ता आक्रोशित हो गए और राज्यपाल से मिलकर अपनी बात को रखने पर अड़ गए। प्रशासन द्वारा शिष्टमंडल को राज्यपाल से मुलाकात कराने का आश्वासन देने पर कार्यकर्ता शांत हुए।

इस अवसर पर मांझी ने कहा कि महंगाई चरम पर पहुंच गई है, जिसके कारण लोग त्रस्त हैं। केन्द्र सरकार जन समस्याओं को  छोड़कर वर्ष 2019 के चुनाव की तैयारी में लगी हुई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बढ़ती महंगाई को लेकर केवल बयानबाजी करते हैं। उनको जनता की समस्याओं की नहीं सिर्फ अपनी कुर्सी की चिंता है।

पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष वृषिण पटेल, डॉ महाचन्द्र प्रसाद सिंह, डॉ अनिल कुमार, अजीत कुमार, रवीन्द्र राय, बीएल वैश्यंत्री, डॉ दानिश रिजवान, अनामिका पासवान, सुभाष सिंह चन्द्रवंशी, ज्योति सिंह, हेमलता पासवान, रामविलास प्रसाद आदि प्रदर्शन में शामिल थे।  

Posted By: Ravi Ranjan

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप