बिहार NDA में पावर बैलेंस: BJP के स्पीकर और CM, अब JDU को मिलेगा विधान परिषद सभापति का पद
बिहार में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार में सत्ता संतुलन के तहत भाजपा विधान परिषद सभापति का पद जदयू को सौंपेगी।
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सीएम सम्राट चौधरी और सांसद नीतीश कुमार। (फाइल फोटो)
HighLights
भाजपा विधान परिषद सभापति पद जदयू को सौंपने पर सहमत।
वर्तमान सभापति अवधेश नारायण सिंह जल्द देंगे इस्तीफा।
जदयू के रामवचन राय कार्यकारी सभापति का दायित्व संभालेंगे।
राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधनराजग सरकार में एक बार फिर से सत्ता संतुलन के लिए फेरबदल की चर्चा तेज है।
भाजपा से सम्राट चौधरी के मुख्यमंत्री बनने के उपरांत ही जदयू ने विधानसभा अध्यक्ष एवं विधान परिषद के सभापति की कुर्सी पर दावेदारी बढ़ा दी थी।
अब जदयू की ओर से दबाव बढ़ने पर तत्काल भाजपा नेतृत्व ने विधान परिषद के सभापति का पद छोड़ने का निर्देश अवधेश नारायण सिंह को दिया है।
जल्द देंगे त्यागपत्र
सत्ता के गलियारे में चर्चा है कि अगले एक-दो दिन के बीच वर्तमान सभापति अवधेश नारायण सिंह पद से त्यागपत्र देंगे। इसके उपरांत जदयू की ओर से कार्यकारी सभापति पद पर उपसभापति रामवचन राय दायित्व सौंपने की तैयारी है। इसे लेकर भाजपा एवं जदयू के शीर्ष नेतृत्व के बीच सहमति बन गई है।
दरअसल, मुख्यमंत्री पद से नीतीश कुमार के इस्तीफे के बाद नई सरकार के गठन के साथ ही जदयू खेमे में विधान परिषद सभापति का पद जाने की चर्चा शुरू हो गई थी।
अभी मुख्यमंत्री के अतिरिक्त बिहार विधानसभा के अध्यक्ष एवं विधान परिषद के सभापति पद भाजपा के पास हैं। ऐसे में जदयू की दावेदारी के तहत परिषद सभापति का पद स्वभाविक रूप से उसके पास आ रहा है।
विदित हो कि पूर्व में जदयू के उपसभापति हारुण रसीद विधान परिषद के कार्यकारी सभापति के रूप में लगभग तीन वर्ष आसीन रहे थे।
सदन में दलगत स्थिति
वर्तमान में 75 सदस्यी विधान परिषद में भाजपा के 26, जदयू के 20, राजद के 15, कांग्रेस के दो, निर्दलीय सात, सीपीआई के एक, सीपीएम (एल) के एक, हम (से.) के एक, रालोमो के एक, लोजपा (रा) एवं रालोजपा के एक-एक सदस्य हैं।
