जागरण टीम, पटना : कोरोना संक्रमण के तीन वर्षों के बाद गांधी मैदान में रावण वध इस बार पटना वासियों के लिए यादगार बनेगा। दशहरे पर 70 फीट का रावण, 65 का कुंभकर्ण और 60 फीट का मेघनाथ का पुतला खास होगा। दशहरा कमेटी ट्रस्ट के अध्यक्ष कमल नोपानी ने बताया कि इस बार पुतले के लिए दूसरों राज्यों से वस्त्र मंगाए गए हैं। रावण, मेघनाथ व कुंभकर्ण के पुतले दक्षिण भारत के वस्त्रों में दिखेंगे। पुतले को ग्रीन पटाखे से जलाया जाएगा, ताकि पर्यावरण को नुकसान न हो। भीड़ को देखते हुए रावण वध का सीधा प्रसारण स्थानीय चैनलों के जरिए किया जाएगा, ताकि लोग घर बैठे इसका नजारा देख सकें।

हिंदू-मुस्लिम कारीगर तैयार कर रहे पुतला

रावण, मेघनाथ व कुंभकर्ण का पुतले का निर्माण हिंदू-मुस्लिम कारीगर कर रहे हैं। गया के मुस्लिम कारीगर मो. अमर समेत अन्य कारीगर इस कार्य में अपना योगदान दे रहे हैं। दशहरा कमेटी ट्रस्ट के सचिव अरुण कुमार की मानें तो रावण वध को बेहतर साउंड, लाइट के जरिए दिखाया जाएगा। गांधी मैदान के चारों ओर ईको साउंड के लिए मशीनें लगाई जाएंगी। बड़ी स्क्रीन पर रावण वध के दृश्य का आनंद उठाया जा सकेगा। 

रंगालय में रामलीला का मंचन 

रामलीला का मंचन कालिदास रंगालय के प्रेक्षागृह में होगा। ट्रस्ट के सचिव अरुण कुमार की मानें तो रामलीला का आयोजन कदमकुआं नागाबाबा ठाकुरबाड़ी परिसर में वर्षों से होता रहा। बीते कुछ वर्षों से कालिदास रंगालय में किया जा रहा है। जगह के अभाव और लोगों की भीड़ अधिक होने के कारण इस बार भी बिहार आर्ट थियेटर के कलाकार कालिदास रंगालय में रामलीला का मंचन करेंगे। राम लीला करने वाले कलाकारों का भी विशेष परिधान होगा। मिथिला पेंटिंग की साड़ी पहन कर मां सीता अभिनय करेंगी। कालिदास रंगालय में होने वाली रामलीला का मंचन का सीधा प्रसारण विभिन्न चैनलों के जरिए किया जाएगा।

Edited By: Akshay Pandey