बिहार को देश के टॉप-5 राज्यों में शामिल करने की तैयारी, पर्यटन मंत्री ने अधिकारियों को दिया टास्क
पर्यटन मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने बिहार को अगले पांच वर्षों में शीर्ष पांच पर्यटक राज्यों में लाने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने अधिकारियों को 100 दिनों में पर्यटन विभाग का रोडमैप तैयार करने का निर्देश दिया। मंत्री ने बिहार पर्यटन को एक ब्रांड के रूप में स्थापित करने और स्थानीय व्यवसायों को पर्यटन से लाभान्वित करने पर जोर दिया।

पर्यटन मंत्री अरुण शंकर प्रसाद। (फाइल फोटो)
राज्य ब्यूरो, पटना। पर्यटन मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने अगले पांच सालों में बिहार को टॉप-पांच पर्यटक राज्यों में लाने का टास्क अधिकारियों को सौंपा है।
अभी पर्यटकों की संख्या के लिहाज से बिहार देश में दसवें स्थान पर है। शनिवार को पर्यटन निदेशालय सभागार में विभागीय समीक्षा बैठक में मंत्री ने अधिकारियों को अगले 100 दिनों में पर्यटन विभाग का रोडमैप तैयार कर उसे प्राप्त करने की दिशा में काम करने का निर्देश दिया।
पदभार ग्रहण करने के बाद आयोजित पहली बैठक में मंत्री का स्वागत पर्यटन सचिव लोकेश कुमार सिंह ने किया। पर्यटन मंत्री ने कहा कि बिहार पर्यटन एक ब्रांड के रूप में स्थापित हो इस दिशा में काम करने की आवश्यकता है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से रिक्तियों का प्रस्ताव मांगा।
उन्होंने कहा कि विभाग में वर्तमान में कितनी रिक्तियां हैं, इसकी समीक्षा कर सरकार को भेजी जाएगी ताकि रोजगार सृजन की दिशा में पर्यटन विभाग भी अपनी प्रमुख भूमिका निभा सके। हम लोग कैसे स्थानीय व्यवसायियों को भी पर्यटन से लाभ मिले, इस दिशा में काम करें। फाइव स्टार होटल निर्माण के साथ ही बजट होटल के भी निर्माण पर ध्यान दें ताकि आम लोगों को भी बुनियादी सुविधाएं मिल सकें।
इसके पूर्व विभागीय सचिव ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से मंत्री को विभागीय संरचना, कार्यप्रणाली और संचालित की जा रही योजनाओं से अवगत कराया। पर्यटन निदेशक उदयन मिश्रा ने बुद्ध सर्किट, इको सर्किट, सिख सर्किट, जैन सर्किट, रामायण सर्किट, सूफी सर्किट, शिव शक्ति सर्किट और गांधी सर्किट से संबंधित पर्यटक स्थलों के साथ राज्य एवं केंद्र की योजनाओं की अद्यतन जानकारी दी।
समीक्षा बैठक में बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम के प्रबंध निदेशक नंद किशोर, संयुक्त सचिव इंदु कुमारी सहित सभी पदाधिकारी व कर्मचारीगण उपस्थित थे।

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