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बिहार के पर्यटन स्थलों की सैर अब होगी आसान, सम्राट सरकार देगी हेलीकॉप्टर सेवा पर छूट

Published: Sun, 14 Jun 2026 09:06 PM (GMT+05:30)

बिहार सरकार पर्यटकों के लिए हेलीकॉप्टर और हवाई जहाज से रियायती यात्रा सुविधा शुरू करेगी।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

एआई द्वारा जेनरेट इमेज।

HighLights

  1. पर्यटकों को रियायती हेलीकॉप्टर और हवाई जहाज सुविधा मिलेगी।

  2. राजगीर, नालंदा, पावापुरी में सुविधाओं का विस्तार होगा।

  3. ग्रामीण पर्यटन और होमस्टे नीति को बढ़ावा दिया जाएगा।

राज्य ब्यूरो, पटना। बिहार के प्रमुख एवं प्रसिद्ध पर्यटक स्थलों के प्रचार-प्रसार के लिए सरकार कई पहल करने जा रही है। पर्यटकों को अनुदानित दर (छूट) हेलीकॉप्टर एवं जहाज से भ्रमण की सुविधा सुलभ होगी।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को पर्यटन विभाग की समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिए। लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में हुई बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बिहार की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए काम करने की ओर भी ध्यान आकृष्ट किया।

उन्होंने ने कहा कि मां मुंडेश्वरी मंदिर, करकटगढ़ जलप्रपात तथा राजगीर के लिए अनुदानित दर पर हेलीकॉप्टर सेवा प्रारंभ करें।

साथ ही वाल्मीकिनगर के लिए शनिवार एवं रविवार को पर्यटकों के लिए रियायती दर पर वायुसेवा शीघ्र शुरू की जाए। पर्यटकों की सुविधा के लिए पटना प्रस्थान से आगमन तक 'एंड-टू-एंड' सेवा बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम द्वारा शुरू करे।

राजगीर में पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं का विस्तार और सुधार किया जाएगा। नालंदा को वैश्विक ज्ञान और सांस्कृतिक केंद्र के रूप में फिर से स्थापित करने के लिए एक विशेष एकीकृत पैकेज तैयार किया जाएगा।

पर्यटन क्षेत्रों में निवेश और बेहतर प्रबंधन के लिए सार्वजनिक-निजी सहभागिता (पीपीपी) मोड को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पावापुरी मंदिर परिसर के चहुंमुखी विकास के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार कराएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार की भूमि अध्यात्म, इतिहास और संस्कृति का केंद्र रही है। हमारा लक्ष्य है कि गयाजी, राजगीर और नालंदा आने वाले देश-विदेश के पर्यटकों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलें।

बुनियादी ढांचे में सुधार, कॉरिडोर निर्माण और होमस्टे जैसी पहलों से न केवल पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।

ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देने की पहल

स्थानीय संस्कृति को बढ़ावा देने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए ग्रामीण पर्यटन की पहल शुरू की जाएंगी। पर्यटकों को बिहार की पारंपरिक आथित्य से रूबरू कराने और स्थानीय रोजगार सृजन के लिए 'होमस्टे' नीति को बड़े पैमाने पर बढ़ावा दिया जाएगा।

पावापुरी मंदिर परिसर के चहुंमुखी विकास के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जाएगी। बैठक में पर्यटन विभाग के सचिव लोकेश कुमार सिंह ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से पर्यटन विभाग के विभिन्न योजनाओं की अद्यतन स्थिति और राज्य के प्रमुख पर्यटन केंद्रों के विकास के लिए किए जा रहे कार्यों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।

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