दैनिक जागरण संस्कारशाला की प्रार्थना सभा की शुरुआत बुधवार को केंद्रीय विद्यालय बेली रोड और माउंट लिट्रा जी स्कूल में की गई। कार्यक्रम के दौरान साहित्यकार व शिक्षक मनोज उपाध्याय ने 'शिक्षक का महत्व' विषय पर अपनी बात रखकर बच्चों को शिक्षक की भूमिका से अवगत कराया। स्कूल के प्राचार्य प्रद्युम्न कुमार सिंह व अनीता सिंह ने शिक्षकों की भूमिका पर प्रकाश डालकर दैनिक जागरण के इस आयोजन की सराहना की। अनीता सिंह ने कहा कि जिस प्रकार बच्चों में नैतिक शिक्षा और अनुशासन की कमी देखी जा रही है उसमें संस्कारशाला के माध्यम से बच्चों के बीच एक सकारात्मक बदलाव आने के साथ उनके अंदर शिक्षकों के प्रति आदर और सम्मान का भाव बढ़ेगा।

बयान

बच्चों के सामाजिक मूल्यों को मजबूत करने के लिए दैनिक जागरण की यह पहल बेहतरीन है। जिस प्रकार बच्चों में नैतिक शिक्षा और अनुशासन की कमी देखी जा रही है उस कमी को सुधारने में संस्कारशाला के जरिए हम बेहतर परिणाम ला सकते हैं। संस्कारशाला में इस साल के बदलाव से और भी अच्छे परिणाम की परिकल्पना हम अपने स्कूल के बच्चों के बीच आयोजित करेंगे। संस्कारशाला की पहली स्टोरी शिक्षक का महत्व है, ये आज के बच्चों के लिए समझना बहुत जरूरी है। इस विषय पर आधारित रोचक कहानियों को बच्चों को समझना होगा।

प्रद्युम्न कुमार सिंह, प्राचार्य, केंद्रीय विद्यालय बेली रोड

बच्चों में अच्छे संस्कार लाने का बीड़ा उठाने के लिए दैनिक जागरण की पहल सराहनीय है। इससे बच्चों को बीच संस्कार, सदाचार और नैतिक मूल्यों की जानकारी मिलती है। आयोजन से बच्चों के जीवन में एक अच्छा और सकारात्मक बदलाव आएगा। वे जीवन के बारे में ज्यादा अच्छे और खुले विचारों के साथ सोच सकेंगे। संस्कारशाला की शुरुआत अपने स्कूल में आरंभ हो चुकी है। बच्चों की रुचि को देखते हुए संस्कारशाला कॉमिक बुक के जरिए असेंबली में स्टोरी रीडिंग करना, वाद-विवाद प्रतियोगिता जैसी गतिविधियों से बच्चों का रुझान बढ़ा है।

अनीता सिंह, प्राचार्या माउंट लिट्रा जी स्कूल

Posted By: Jagran