पटना [जेएनएन]। भाजपा के राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष अमित शाह मिशन 2019 को लेकर अभी से ही तैयारियों में जुट गए हैं। 12 जुलाई को उनकी बिहार यात्रा को इसी परिपेक्ष्‍य में देखा जा रहा है। वे इस दिन जदयू के राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष और बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करेंगे। दोनों की यह मुलाकात कई मायनों में अहम बतायी जा रही है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, अमित शाह 12 जुलाई को पटना आ रहे हैं। उनके साथ भाजपा के बिहार प्रभारी और राष्‍ट्रीय महामंत्री भूपेंद्र यादव, सहप्रभारी पवन शर्मा और सीआर पाटिल भी रहेंगे। इस दिन वे सुबह में संगठनात्‍मक बैठक करेंगे। इसमें भाजपा के सात मंच के प्रदेश प्रभारी, बिहार प्रदेश प्रभारी, 22 विभाग के संयोजक, मंच, मोर्चा, प्रकल्‍प, प्रकोष्‍ठ, विभाग के सभी पदाधिकारी शामिल होंगे।

इसके बाद नित्‍यानंद राय की अध्‍यक्षता में कोर कमिटी की बैठक होगी। उसके बाद शाह बिहार सरकार में शामिल भाजपा के सभी मंत्रियों और केंद्र सरकार के मंत्रियों के साथ बैठक करेंगे। मंत्रियों के काम-काज की समीक्षा की जायेगी। संगठन विस्‍तार का भी फीडबैक लेंगे। इसके बाद दोपहर करीब 3 बजे वे नीतीश कुमार से मुलाकात करेंगे। मुलाकात का समय तय हो गया है।

बता दें कि अमित उन सभी राज्‍यों में जाकर अपने सहयोगियों से मिल रहे हैं, जहां इनकी सरकार है। इससे पहले अमित शाह पंजाब में प्रकाश सिंह बादल से मिले थे और मुंबई दौरे में शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे से मुलाकात हुई थी।

इस मुलाकात को लेकर सूबे की सियासत तेज हो गयी है। ऐसा कयास लगाया जा रहा है कि दोनों प्रमुख नेताओं की मुलाकात के दौरान लोकसभा चुनाव के मद्देनजर सीट शेयरिंग पर भी बातचीत हो सकती है। बिहार में एनडीए के चेहरे को लेकर भी बात होगी।

कई मौके पर गठबंधन में शामिल नेताओं के बोल से ऐसा लगता है कि लोकसभा और विधानसभा चुनावों में भाजपा को बिहार में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता। अमित शाह और नीतीश कुमार की मुलाकात इन्‍हीं मुश्किलों को दूर करने की कवायद के रूप में देखी जा रही है।

Posted By: Ravi Ranjan

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस