पटना, जागरण संवाददाता। Chhatha Puja 2021: कोरोना संक्रमण के कारण बिहार में छठ पर्व के आयोजन पर संशय के बादल छंटते दिख रहे हैं। पटना के प्रमंडलीय आयुक्‍त ने छठ के लिए प्रशासनिक तैयारियों को मुक्‍कमल बनाने के लिए एक बैठक बुलाई है। इसके बाद गंगा तट पर इस बार छठ महापर्व का आयोजन होने की उम्मीद बढ़ी है। प्रमंडलीय आयुक्त ने जिला प्रशासन, नगर निगम, विद्युत विभाग, भवन निर्माण विभाग और जल संसाधन विभाग की बैठक 18 अक्टूबर को बुलाई है। जाहिर है प्रशासन अगर तैयारी में जुटा है तो लोगों को इस बार गंगा घाटों पर पूजा की इजाजत मिल सकती है। बिहार के बाकी जिलों में भी ऐसी तैयारियां शुरू हो गई हैं।

बैठक में गंगा घाटों की वर्तमान स्थिति के साथ नगर निगम, जिला प्रशासन सहित अन्य विभागों के साथ कोविड 19 के मानक अनुसार प्रशासनिक प्रबंध पर निर्णय लिया जाएगा। इस वर्ष छठ का महापर्व नवंबर के दूसरे सप्‍ताह में मनाया जाएगा। मिली जानकारी के अनुसार अनुमंडल पदाधिकारी अपने क्षेत्र में खतरनाक घाटों की पहचान कर रिपोर्ट देंगे। घाटों की जांच के लिए जिला प्रशासन, नगर निगम की टीम गठित की जाएगी। नगर निगम छठ महापर्व के मद्देनजर गंगा घाटों तक पहुंच पथ, नदी में बैरिकेडिंग और लाइट के लिए एजेंसी चयन की अग्रिम तैयारी कर रहा है। अनुमंडल पदाधिकारी को खतरनाक घाटों की पहचान करनी है। ताकि समय रहते वहां सुरक्षा घेरे का निर्माण किया जा सके।

पटना नगर निगम क्षेत्र में करीब 94 घाट हैं। नगर निगम सभी घाटों पर संपर्क पथ, रोशनी, बैरिकेडिंग का प्रबंध करता है। घाटों पर वाच टावर, महिला व्रतियों के चेंजिंग रूम, पेयजल के लिए चापाकल, अस्थाई शौचालय निर्माण सहित विश्राम के लिए पंडाल का निर्माण के लिए अलग-अलग कोषांग का ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है।

छठ महापर्व की तारीख यहां जानें

इस बार छठ महापर्व 10 नवंबर को है। चार दिवसीय छठ महापर्व का अनुष्ठान 8 नवंबर को नहाय खाय से आरंभ होगा।  9 नवंबर को खरना और 10 नवंबर को पहला अर्घ्‍यदान होगा। 11 नवंबर को प्रात: अर्घ्‍यदान के साथ छठ महापर्व संपन्न होगा। गंगा घाटों की तैयारी हर हाल में 7 नवंबर तक पूरी करनी होगी। समय पर प्रशासनिक तैयारी की रणनीति पर 18 अक्टूबर को प्रमंडलीय आयुक्त स्तर पर बैठक होगी।