थानाक्षेत्र के संदोहरा गांव में चुनावी रंजिश को लेकर 12 अप्रैल की शाम में दो गुटों के बीच हुई गोलीबारी व पथराव के मामले में छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है। वहीं दर्ज प्राथमिकी में 43 लोगों को आरोपित किया गया है। यह जानकारी थानाध्यक्ष दीपक कुमार राव ने दिया। उन्होंने बताया कि शुक्रवार की शाम करीब चार बजे दूरभाष पर सूचना मिली कि संदोहरा गांव में दो पक्षों के बीच पथराव और गोलीबारी हो रही है। सूचना के आलोक में तत्काल एएसआइ रामकृपाल यादव, मो. फारुख और अन्य पुलिसकर्मियों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस के पंहुचते ही ग्रामीणों द्वारा पुलिस के गाड़ी पर रोड़ेबाजी की जाने लगी। जिससे नारदीगंज थाने का बेलोरो क्षतिग्रस्त हो गया। मौके की नजाकत को समझते हुए हिसुआ व मुफस्सिल थाना को दूरभाष पर सूचना दी गई। जिसके बाद दोनों थाने की पुलिस भी पहुंची तब जाकर स्थिति पर काबू पाया। पुलिस ने मौके से राजीव कुमार,पपु कुमार,श्लोक कुमार, योगेंद्र प्रसाद,अजीत कुमार और लड्डू यादव को गिरफ्तार कर थाने ले आई। सभी गिरफ्तार लोगों के खिलाफ कांड संख्या 93-19 दर्ज किया गया। सभी को शनिवार को जेल भेज दिया गया।

बता दें कि 11 अप्रैल चुनाव के दिन भी इस गांव में मारपीट और पथराव कि घटना हुई थी। जिसका कारण राजकुमार यादव के गुट द्वारा निर्दलीय उम्मीदवार को वोट करना बताया जाता है। चुनाव में संदोहरा गांव के एक ही समाज के लोग दो गुटों में बेट गए थे।योगेंद्र यादव का गुट एनडीए उम्मीदवार कौशल यादव के समर्थन में था तो राजकुमार यादव का गुट निर्दलीय श्रवण कुशवाहा के समर्थक थे। इसी कारण चुनाव के दिन भी दोनों गुटों में झड़प हुई थी।उसी विवाद को लेकर 12 अप्रैल के शाम में योगेंद्र यादव के समर्थकों द्वारा राजकुमार यादव और उसके समर्थकों के घर पर रोड़ेवाजी और गोलीबारी की गई। जिसके कारण राजकुमार यादव और उसके समर्थकों के छत पर काफी मात्रा में ईंट पत्थर पसरा हुआ था। थानाध्यक्ष श्री राव ने बताया कि पुलिस द्वारा गिरफ्तार छह लोगों समेत 43 लोगों पर एफआइआर किया गया है।

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