पश्चिम चंपारण, जासं। स्थानीय थानाक्षेत्र के बस्ठा गांव के समीप शनिवार की देर शाम में बाइक से जा रहे दंपती व नाबालिग लड़की के साथ दबंगों ने मारपीट की। महिला व नाबालिग लड़की किसी तरह से भागकर अपनी आबरू बचाई। पीडि़त दंपती शिकारपुर थाना क्षेत्र के गदियानी टोला गांव के निवासी है। वे मैनाटांड़ प्रखंड के हजमाटोला गांव में अपने रिश्तेदार के यहां जा रहे थे। मारपीट और दबंगई की सूचना जब पीडि़त के हजमाटोला गांव निवासी रिश्तेदारों को लगी तो चार- पांच लोग घटनास्थल बास्ठा गांव के पूरब नवनिर्मित पुल के पास पहुंचे तो उनके साथ भी दबंगों ने मारपीट की और गदियानी गांव के मुस्तफा अंसारी को बंधक बना लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस के साथ भी बास्ठा गांव के कुछेक ग्रामीणों ने बदसलूकी की। थानाध्यक्ष धनंजय कुमार ने बताया कि मामले को शांत करा दिया गया है।

पीडि़त के बयान पर कांड दर्ज कर आरोपितों की गिरफ्तारी होगी। दरअसल, मामला यह है कि पीडि़त बाइक से अपनी पत्नी व रिश्तेदार की नाबालिग बेटी को लेकर हजमाटोला गांव में जा रहा था। इसी दौरान रास्ते बास्ठा गांव के समीप पुल के पास बाइक पर सवार तीन युवकों ने रोका और महिला एवं नाबालिग से छेडख़ानी करने लगे। युवक ने जब विरोध किया तो उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी। किसी तरह से महिला व नाबालिग लड़की बास्ठा गांव में भाग कर अपनी आबरू बचाईं।

सूचना पर हाजमा टोला गांव से मुस्तफा अंसारी, पवन कुमार,रंजीत कुमार, अमित कुमार और जगरनाथ महतो आए। इनके साथ भी बास्ठा गांव के दबंगों ने गाली- गलौज एवं मारपीट की। गदियानी गांव के मुस्तुफा अंसारी को बंधक बना लिया। पीडि़त ने पुलिस को फोन किया तो मैनाटाड़ थाने के पुअनि पवन कुमार ङ्क्षसह सदल बल के साथ पहुंचे। ग्रामीणों ने पुलिस को भी घेर लिया और बदसलूकी करने लगे। हालांकि गांव के हीं कुछ प्रबुद्ध लोगों के प्रयास से मामला शांत हुआ। पुलिस ने बंधक बने मुस्तफा अंसारी को मुक्त कराया और इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।