मुजफ्फरपुर, जासं। घंटेभर की बारिश से शहर की 'नाक' तक पानी पहुंच गया। स्मार्ट सिटी तैरने लगी। शहर की नाक कल्याणी चौक टापू बन गया। अधिकतर गली-मोहल्ले तालाब में तब्दील हो गए। निचले इलाकों का हाल बेहाल हो गया। लोगों के घरों एवं दुकानों में बारिश का पानी प्रवेश कर गया। मोतीझील नाम के अनुसार झील बन गया। सदर अस्पताल जलमग्न हो गया। इससे मरीज से लेकर डाक्टर तक को परेशानी का सामना करना पड़ा। जलजमाव से शहर का जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया। पीड़ा झेल रहे लोगों ने जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों को जमकर कोसा। कहा, सब एक दशक से सिर्फ जलजमाव से मुक्ति दिलाने का सब्जबाग ही दिखा रहे हैैं। 

जलजमाव से लोगों का जीना मुहाल

बारिश से कल्याणी चौक, मोतीझील, धर्मशाला चौक, स्टेशन रोड, मालगोदाम चौक, आम गोला रोड, पानी टंकी चौक, चैपमैन स्कूल रोड, देवी मंदिर रोड, छोटी कल्याणी, केदारनाथ रोड, अमर सिनेमा रोड, पक्की सराय रोड, जेल रोड, चक्कर रोड, बीबीगंज रोड, केदारनाथ रोड, गरीब स्थान रोड, कालीबारी रोड, बेला रोड समेत शहर की अधिकतर प्रमुख सड़कें पानी में डूब गईं। वहीं रज्जू साह लेन, दास कालोनी, प्रोफेसर कालोनी, डा. रामचंद्र पूर्वे गली, सर सीपीए गली, पड़ाव पोखर लेन, ज्ञान लोक गली, जूरन छपरा प्राथमिक मध्य विद्यालय गली, लीची बगान, अमरूद बगान, वीणा कन्सर्ट गली समेत शहर की अधिकतर गलियां और मोहल्लों में भारी जलजमाव से लोगों का जीना मुहाल हो गया। वहीं बालूघाट, पानी कल रोड, एवं सिकंदरपुर मोहल्ले में जलजमाव से त्राहिमाम की स्थिति उत्पन्न हो गई। शहर के नाले बारिश का पानी निकाल पाने में अक्षम साबित हो रहे हंै। नालों की उड़ाही के बाद भी पानी नहीं निकल पा रहा है। इससे लोगों में भारी आक्रोश है।

लोगों का जीना मुहाल हो गया

अधिवक्ता धीरज कुमार ने कहा कि जलजमाव से शहरवासी त्राहिमाम कर रहे हैं। लोगों का जीना मुहाल हो गया है। इससे निजात दिलाने के नाम पर बड़े-बड़े वादे किए गए। सांसद, विधायक व वार्ड पार्षद कोई सुध नहीं ले रहे हैं। उनको वोट से मतलब है। निगम के भरोसे शहरवासियों को पीड़ा झेलने के लिए छोड़ दिया है। सिटी मैनेजर ओम प्रकाश ने कहा कि जल निकासी को नगर निगम हरसंभव प्रयास कर रहा है। निगम के कर्मचारी लगातार जमा पानी निकालने का प्रयास कर रहे हैं। पानी निकालने के लिए पंपिंग सेट का सहारा लिया जा रहा है। जहां भी किसी तरह की बाधा हो कर्मचारी उसे दूर करने का प्रयास कर रहे हंै। कार्यकारी महापौर मानमर्दन शुक्ला ने कहा कि जलजमाव से शहरवासियों को कैसे निजात दिलाई जा सके। कौन से उपाय किए जाएं जिससे इस समस्या को फिलहाल कम किया जा सके। इस पर विचार के लिए निगम बोर्ड की बैठक बुलाई गई है। इस विषय पर पार्षदों से राय लेकर काम किया जाएगा।  

Edited By: Ajit Kumar