पश्चिम चंपारण, जासं। कोरोना ने पांव पसारना आरंभ कर दिया है। हालांकि बगहा अनुमंडल में स्थिति नियंत्रण में है। अनुमंडलीय अस्पताल से लेकर सभी प्रखंडों में स्थापित पीएचसी में नियमित जांच व वैक्सीनेशन के कारण संक्रमण के मामले नहीं बढ रहे। अनुमंडलीय अस्पताल के प्रभारी उपाधीक्षक डॉ. केबीएन सिंह ने बताया कि फिलहाल संक्रमण के नये मामले नहीं आ रहे हैं। शहरी पीएचसी के नोडल पदाधिकारी डॉ. रणवीर सिंह ने भी पूरे माह की जांच रिपोर्ट का आकलन करते हुए बताया कि यहां संक्रमण का कोई नया मामला नहीं है।  चिकित्सक द्वय ने शारीरिक दूरी व मास्क का पालन करने की सलाह देते हुए कहा कि मामले नहीं आने से खतरा टलने जैसी बात नहीं है।

नहीं बरती जा रही है सख्ती : प्रशासन की तरफ से कोरोना की गाइडलाइन का पालन कराने के लिए कोई सख्ती नहीं हो रही। लोग भी बाजार से लेकर अस्पताल, स्कूल और रेलवे स्टेशन तक बेखौफ होकर शारीरिक दूरी की धज्जियां उड़ाते बिना मास्क घूम रहे हैं। जिसके लिए प्रशासन को सख्ती करने की आवश्यकता महसूस होने लगी है।

अस्पताल में दवा की पर्याप्त व्यवस्था : अनुमंडल के प्रत्येक पीएचसी में जांच की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। वहीं जांच के लिए आने वाले व्यक्ति को बेहतर सुविधा देते हुए नियमित व निशुल्क जांच हो रही है। टीकाकरण से पहले जितने भी जांच केंद्र बने हुए थे, वह सब अब भी कार्यरत हैं। तथा यहां पहुंचने वाले हर व्यक्ति को जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। डॉ. सिंह ने बताया कि स्वास्थ्यकर्मियों के द्वारा गांवों में जांच के लिए जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।

अलग से नहीं है कोविड अस्पताल : कोरोना संकट शुरू होने के बाद पंडित कमलनाथ तिवारी अनुमंडलीय अस्पताल में कोविड केयर अस्पताल की स्थापना की गई थी। वैक्सीनेशन प्रारंभ होने के बाद इसके मरीजों की संख्या में कमी आई है। लेकिन, जागरूकता अभियान चलाकर जांच किया जा रहा है। जिसके संबंध में अधिकारियों ने कहा कि लगातार किए जा रहे जांच में संक्रमितों की संख्या नगण्य हो जाने व वैक्सीनेशन प्रारंभ हो जाने से लोगों ने जांच में रूचि लेना कम कर दिया है। जिसको पुन: गति देने के लिए स्वास्थ्यकर्मियों व टीकाकरण के लिए एएनएम के द्वारा जागरूकता फैलाकर जांच करने का काम निरंतर चल रहा है।

बाहर से आने वालों की जांच नहीं : रेलवे स्टेशन समेत अन्य सार्वजनिक स्थलों पर प्रतिदिन सैकड़ों लोग उतर रहे हैं। बाहर से आने वालों की जांच तक नहीं हो रही। खासतौर से महाराष्ट्र से आने वालों की भी जांच नहीं की जा रही। जहां संक्रमण के सबसे अधिक मरीज मिल रहे हैं।

संक्रमण का आंकड़ा :-

दिनांक जांच संक्रमित

06 मार्च 15 00

09 मार्च 78 00

10 मार्च 31 00

11 मार्च 11 00

12 मार्च 23 00

14 मार्च 30 00