यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 16, 2019 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्द्धन के सामने युवक का अर्धनग्न प्रदर्शन, SKMCH में हंगामा
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्द्धन के एईएस पीड़ित बच्चों को देखने के दौरान मुजफ्फरपुर के एसकेएमसीएच में हंगामा हुआ। हंगामा क्यों भड़का जानिए इस खबर में।

मुजफ्फरपुर [जेएनएन]। उत्तर बिहार में एईएस का कहर गहरा गया है। मुजफ्फरपुर के श्रीकृष्ण मेडिकल कॉलेज व अस्पताल (एसकेएमसीएच) में एईएस के इलाज की व्यवस्था का जायजा लेने के दौरान केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्द्धन व केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अश्विनी चौबे के सामने लोगों ने हंगामा किया। आक्रोशित लोगों में शामिल एक युवक ने अर्धनग्न प्रदर्शन किया। जनाक्रोश तब भड़का, जब स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे एक मरीज के परिजन की गुहार की अनसुनी कर दूसरे वार्ड में जाने लगे।
मंत्री ने मरीज के परिजन की नहीं सुनी बात
विदित हो कि एसकेएमसीएच में रविवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने एईएस की स्थिति का जायजा लिया। उनके साथ केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अश्विनी चौबे तथा बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय भी थे। इसी दौरान एक मरीज के परिजन ने अश्विनी चौबे से अपने मरीज को देख लेने की गुहार लगाई, लेकिन उन्होंने अनसुनी कर दी। उस दौरान मंत्री दूसरे वार्ड में एईएस के मरीज बचचों को देखने जा रहे थे।
दो महीने से गैलरी के फर्शपर चल रहा इलाज
मंत्रीगण पीआइसीयू में भर्ती बच्चों को देख रहे थे। दो पीआइसीयू के बीच में सामान्य वार्ड भी है। यहां भर्ती एक मरीज के परिजन ने अपने मरीज को देख लेने की जिद स्वास्थ्य राज्यमंत्री से की। लेकिन उसकी मांग नही मानकर मंत्री जब पीआइसीयू की ओर चले गए, तो हंगामा खड़ा हो गया। युवक ने बताया कि उसका भाई अस्पताल की गैलरी में दो महीने से पड़ा है। उसकर इलाज गैलरी के फर्श पर ही किया जा रहा है। बीमार भाई का हाल दिखाने के लिए मंत्रीजी का हाथ पकड़ा, लेकिन वे झटक कर चले गए।
मंत्री ने मरीज के परिजन की नहीं सुनी बात
विदित हो कि एसकेएमसीएच में रविवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने एईएस की स्थिति का जायजा लिया। उनके साथ केंद्रीय स्वास्थ्य राज्यमंत्री अश्विनी चौबे तथा बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय भी थे। इसी दौरान एक मरीज के परिजन ने अश्विनी चौबे से अपने मरीज को देख लेने की गुहार लगाई, लेकिन उन्होंने अनसुनी कर दी। उस दौरान मंत्री दूसरे वार्ड में एईएस के मरीज बचचों को देखने जा रहे थे।
दो महीने से गैलरी के फर्शपर चल रहा इलाज
मंत्रीगण पीआइसीयू में भर्ती बच्चों को देख रहे थे। दो पीआइसीयू के बीच में सामान्य वार्ड भी है। यहां भर्ती एक मरीज के परिजन ने अपने मरीज को देख लेने की जिद स्वास्थ्य राज्यमंत्री से की। लेकिन उसकी मांग नही मानकर मंत्री जब पीआइसीयू की ओर चले गए, तो हंगामा खड़ा हो गया। युवक ने बताया कि उसका भाई अस्पताल की गैलरी में दो महीने से पड़ा है। उसकर इलाज गैलरी के फर्श पर ही किया जा रहा है। बीमार भाई का हाल दिखाने के लिए मंत्रीजी का हाथ पकड़ा, लेकिन वे झटक कर चले गए।
