मुजफ्फरपुर, जेएनएन।  ब्रह्मपुरा ज्ञानलोक मोहल्ले में हुई सेवानिवृत्त एआइजीआर अजय कुमार शर्मा और उनकी पत्नी रेणु देवी की हत्या मामले में पुलिस की कार्रवाई जारी है। जेल भेजे गए हत्यारोपित नितेश ने अपने स्वीकारोक्ति में जिस सोनू और ओमकार के नाम का जिक्र किया था, उनकी कुंडली खंगालने में पुलिस जुटी है। नितेश को रिमांड पर लेने के लिए पुलिस सोमवार को कोर्ट में अर्जी देगी। नितेश ने कहा था कि ये दोनों उसे जेल में मिले थे और हत्या की सुपारी दी थी। सोनू और ओमकार कौन है, यह अब तक पुलिस को पता नहीं लगा है। ये किस मामले में जेल गए थे, कहां के रहने वाले हैं, जेल से कब छूटे। इन बातों की जानकारी लेने में पुलिस जुटी हुई है। पुलिस का कहना है कि जेल में इन दोनों ने नितेश को एक मोबाइल नंबर दिया था। कहा था कि बाहर निकलने के बाद इस नंबर पर संपर्क करना। वह तुम्हें सबकुछ समझा देगा। नितेश ने जेल से निकलने के बाद ठीक वैसा ही किया था। इसी मोबाइल नंबर के माध्यम से उसका परिचय सीतामढ़ी के अरफान से हुआ था। ये दोनों मिले और हत्या की साजिश रची गई। इसके बाद नितेश ने इसमें साहेबगंज के शुभम को शामिल किया और उससे कहा कि और दो-तीन लड़कों की जरूरत है। इसके बाद शुभम ने राकेश और सोहैल को शामिल किया था।

क्या साजिशकर्ता का सामने आएगा नाम : इस हत्याकांड में सबसे बड़ा सवाल अब तक यही उठता रहा कि आखिर सेवानिवृत्त अधिकारी और उनकी पत्नी की हत्या की वजह क्या हो सकती है। हाईप्रोफाइल मामला होने की वजह से लोग यह जानने को उत्सुक हैं कि किसने हत्या कराई थी। हत्यारोपितों को जेल भेजने के बाद पुलिस के वरीय पदाधिकारियों की तरफ से बयान आया कि नितेश को रिमांड पर लेकर पूछताछ करने के बाद साजिशकर्ता और घटना का कारण सामने आएगा। सच्चाई सामने लाने के लिए सोमवार को ब्रह्मपुरा पुलिस नितेश को रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में अर्जी दे सकती है।  

Posted By: Ajit Kumar

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