ढाई साल में बदल जाएगी मुजफ्फरपुर की तस्वीर, फोरलेन से हथौड़ी-अतरार-औराई का सफर होगा आसान
मुजफ्फरपुर में हथौड़ी से औराई तक 21.30 किलोमीटर लंबे फोरलेन पथ का निर्माण मार्च 2029 तक पूरा होगा, जिससे यात्रा ...और पढ़ें

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।
HighLights
हथौड़ी से औराई तक 21.30 किमी फोरलेन का निर्माण।
बागमती नदी पर उच्चस्तरीय पुल, बाढ़ में भी आवागमन।
मार्च 2029 तक परियोजना पूरी, क्षेत्र का विकास होगा।
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। बिहार में मुजफ्फरपुर के हथौड़ी से अतरार, बभनगामा होते हुए औराई तक का सफर अब आसान होने वाला है। 21.30 किलोमीटर लंबे फोरलेन पथ का निर्माण मार्च 2029 तक पूरा करने की समयसीमा तय की गई है।
सड़क के साथ बागमती नदी पर उच्चस्तरीय पुल का निर्माण भी होगा। परियोजना पूरी होने के बाद बाढ़ के दौरान भी इस इलाके में आवागमन बाधित होने की समस्या काफी हद तक दूर होगी।
डीएम ने लिया निर्माण कार्य का जायजा
जिलाधिकारी कुमार गौरव ने मंगलवार को कार्यस्थल पर पहुंचकर सड़क निर्माण परियोजना का निरीक्षण किया। इस दौरान बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कार्पोरेशन के अधिकारियों ने उन्हें निर्माण कार्य की प्रगति और निर्धारित समयसीमा की जानकारी दी। डीएम ने अधिकारियों को परियोजना से जुड़े कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।
अतिक्रमण जल्द हटाने का निर्देश
डीएम ने कहा कि सड़क के एलाइनमेंट में आने वाली सभी संरचनाओं और अतिक्रमण को शीघ्र हटाया जाए, ताकि निर्माण कार्य में किसी तरह की बाधा नहीं आए। उन्होंने मौजा गिद्धा उर्फ फारूखीपुर से संबंधित भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी जल्द पूरी करने का निर्देश जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को दिया।
पुल के लिए जमीन अधिग्रहण में तेजी
बागमती नदी पर बनने वाले उच्चस्तरीय पुल के अतरार स्थित एबटमेंट के लिए आवश्यक भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज करने को कहा गया। आरेखन में आने वाली संरचनाओं का नियमानुसार भुगतान कर उन्हें हटाने का निर्देश भी दिया गया है। सड़क और पुल का निर्माण साथ-साथ कराया जाएगा।
बाढ़ में भी जारी रहेगा आवागमन
डीएम ने कहा कि सड़क और उच्चस्तरीय पुल के बनने से बाढ़ के दौरान भी क्षेत्र में निर्बाध आवागमन संभव हो सकेगा। आपदा या बाढ़ की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावित क्षेत्रों तक तेजी से पहुंचाने में भी मदद मिलेगी।
उद्योग-व्यवसाय को भी मिलेगा बढ़ावा
परियोजना के पूरा होने से क्षेत्र की कनेक्टिविटी मजबूत होगी। इससे उद्योग और निवेश के साथ व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। सांस्कृतिक गतिविधियों और पर्यटन को भी गति मिलेगी।
अधिकारियों के अनुसार यह परियोजना क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। मौके पर जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, उपमहाप्रबंधक (तकनीकी), परियोजना कार्यान्वयन इकाई तथा परियोजना प्रबंधक समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे।
