मुजफ्फरपुर में त्योहार से पहले मिलावटखोरों पर शिकंजा, दूषित मिठाई जब्त, पनीर का सैंपल भी लिया
खाद्य सुरक्षा विभाग ने मुजफ्फरपुर में मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान चलाया है, जिसके तहत ताबड़तोड़ छापेमारी की गई। इस दौरान ...और पढ़ें

मुजफ्फरपुर में कार्रवाई में जुटी टीम।
HighLights
खाद्य सुरक्षा विभाग ने मुजफ्फरपुर में मिलावटखोरों पर की ताबड़तोड़ छापेमारी।
बालाजी स्वीट्स से 20 किलो दूषित और उपभोग अयोग्य मिठाई जब्त की गई।
यादव डेयरी से पनीर के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए।
केशव कुमार, मुजफ्फरपुर । शहर में नकली पनीर और मिलावटी मिठाइयों के सिंडिकेट को ध्वस्त करने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने अपनी ताकत झोंक दी है। विभाग की विशेष टीम ने ताबड़तोड़ छापेमारी कर अवैध मिलावटखोरों की कमर तोड़ दी है।
इस औचक कार्रवाई से पूरे शहर के मिलावटखोरों और अवैध डेयरी संचालकों के बीच हड़कंप मच गया है। कई दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर भूमिगत हो गए हैं।
बालाजी स्वीट्स से 20 किलो दूषित मिठाई जब्त
गुप्त सूचना के आधार पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने काजी मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के मुक्तिनाथ मंदिर के समीप स्थित बालाजी स्वीट्स नामक प्रतिष्ठान पर अचानक धावा बोला। टीम के पहुंचते ही दुकान में अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया।
सघन तलाशी के दौरान अधिकारियों ने मौके से करीब 20 किलो दूषित और उपभोग के पूरी तरह अयोग्य मिठाई जब्त की। स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक मानी जा रही इस मिठाई को तुरंत नष्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। साथ ही काउंटर पर सजी अन्य मिठाइयों के सैंपल भी सील कर दिए गए हैं।
यादव डेयरी में पनीर के नमूनों की हुई जांच
इसी अभियान के अगले चरण में टीम ने 'यादव डेयरी' पर धावा बोला। यहां बड़े पैमाने पर पनीर की खरीद-बिक्री की शिकायतें मिल रही थीं। टीम ने डेयरी के स्टाक को खंगाला और वहां बेचे जा रहे पनीर के सैंपल को विधिवत रूप से जब्त किया। इन नमूनों को लैब टेस्टिंग के लिए भेजा जा रहा है ताकि सिंथेटिक या नकली पनीर के खेल का पर्दाफाश किया जा सके।
स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों पर दर्ज होगी प्राथमिकी
विभागीय अधिकारियों ने साफ तौर पर कहा है कि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी कारोबारी को बख्शा नहीं जाएगा। जब्त किए गए सभी नमूनों को तत्काल प्रभाव से जांच के लिए राजकीय खाद्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
अधिकारियों के मुताबिक, लैब की रिपोर्ट आते ही मानक के विपरीत सामग्री बेचने वाले प्रतिष्ठानों के मालिकों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई और प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। विभाग का यह विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
