मुजफ्फरपुर में बागमती ने पार किया लाल निशान, गंडक भी खतरे के करीब, बढ़ी बाढ़ की चिंता
मुजफ्फरपुर में बागमती नदी बेनीबाद में खतरे के निशान को पार कर गई है, जबकि गंडक भी रेवाघाट में लाल ...और पढ़ें

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर । जिले से गुजरने वाली नदियों के जलस्तर में वृद्धि जारी है। बागमती नदी बेनीबाद में खतरे के निशान को पार कर गई है, जबकि कटौंझा में जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।
गंडक भी रेवाघाट में खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है। दूसरी ओर बूढ़ी गंडक का जलस्तर स्थिर है। नदियों में बढ़ते पानी को देखते हुए जिला प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है और बांधों की निगरानी तेज कर दी गई है।
जिला आपातकालीन संचालन केंद्र से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार बेनीबाद में बागमती का जलस्तर 48.74 मीटर दर्ज किया गया है। यहां खतरे का निशान 48.68 मीटर है। नदी करीब छह सेंटीमीटर खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। इसके जलस्तर में वृद्धि जारी है।
कटौंझा में बागमती 53.50 मीटर पर पहुंच गई है। यहां खतरे का निशान 55 मीटर है। लगातार बढ़ते जलस्तर से प्रशासन की नजर इस क्षेत्र पर भी बनी है।
गंडक का पानी भी रेवाघाट में तेजी से बढ़ रहा है। यहां जलस्तर 54.02 मीटर दर्ज किया गया है। खतरे का निशान 54.41 मीटर है। नदी लाल निशान से मात्र 39 सेंटीमीटर नीचे बह रही है।
इसके बढ़ते रुख को देखते हुए तटवर्ती इलाकों में भी निगरानी रखी जा रही है। बूढ़ी गंडक का जलस्तर 47.07 मीटर दर्ज किया गया है। खतरे का निशान 52.53 मीटर है। जलस्तर स्थिर रहने से फिलहाल यहां स्थिति सामान्य बनी है।
बांधों पर बढ़ाई निगरानी
जिलाधिकारी कुमार गौरव ने बताया कि नदियों के जलस्तर में वृद्धि को देखते हुए बांधों पर निगरानी बढ़ा दी गई है।
सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने व स्थानीय स्थिति पर नजर रखने का निर्देश दिया गया है।
आपातकालीन संचालन केंद्र के माध्यम से संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से लगातार रिपोर्ट जुटाई जा रही है। प्रशासन की ओर से जलस्तर व तटबंधों की स्थिति की नियमित समीक्षा की जा रही है।
- मुजफ्फरपुर में बागमती लाल निशान पार, गंडक भी खतरे के करीब
- जिला प्रशासन ने बढ़ाई सतर्कता, बांधों पर निगरानी तेज
- बीडीओ को अपने-अपने क्षेत्र में स्थिति पर नजर रखने का निर्देश
