सेनेगल में फंसे मुजफ्फरपुर के उमाशंकर, केंद्रीय मंत्री राजभूषण चौधरी ने विदेश मंत्रालय को लिखा पत्र
मुजफ्फरपुर के कुढ़नी निवासी उमाशंकर कुमार सेनेगल में प्रताड़ना झेल रहे हैं, जहां कंपनी ने उनका पासपोर्ट जब्त कर वेतन ...और पढ़ें

उमाशंकर के पुत्र-पत्नी की फोटो। सौजन्य: स्वजन
HighLights
मुजफ्फरपुर के उमाशंकर सेनेगल में प्रताड़ना झेल रहे हैं।
कंपनी ने पासपोर्ट जब्त कर वेतन नहीं दिया, जबरन काम।
केंद्रीय मंत्री ने विदेश मंत्रालय से सुरक्षित वापसी का आग्रह किया।
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। Kudhani Youth Senegal: पश्चिम अफ्रीका के देश सेनेगल की राजधानी डकार में प्रताड़ना झेल रहे मुजफ्फरपुर जिले के कुढ़नी (कोठियां) निवासी उमाशंकर कुमार (39) की सुरक्षित वतन वापसी के लिए प्रशासनिक व राजनीतिक पहल तेज हो गई है।
स्थानीय सांसद सह केंद्रीय जल शक्ति राज्य मंत्री डॉ. राजभूषण चौधरी ने इस गंभीर मानवीय संकट का संज्ञान लेते हुए विदेश मंत्रालय को पत्र लिखा है।
उन्होंने विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा से सीधे बात कर भारतीय नागरिक की सुरक्षा सुनिश्चित करने और उन्हें अविलंब भारत लाने का आग्रह किया है।
फरवरी में बेटी की शादी
उमाशंकर की पत्नी चांदनी देवी ने केंद्रीय मंत्री से गुहार लगाते हुए बताया कि घर में आगामी फरवरी माह में बेटी का विवाह तय है।
परिवार के मुखिया के विदेश में बंधक जैसी स्थिति में फंसे होने के कारण शादी की सभी तैयारियां ठप पड़ गई हैं। चांदनी देवी का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरा परिवार अनहोनी की आशंका से दहशत में जी रहा है।
वेतन में धोखाधड़ी का आरोप
पीड़ित उमाशंकर रोजगार के सिलसिले में 17 मई 2026 को डकार पहुंचे थे, जहां वह जय लक्ष्मी एसएआरएल (हैचरी कंपनी) में कार्यरत हैं।
परिजनों के अनुसार भारत में उन्हें 60 हजार रुपये मासिक मानदेय का भरोसा दिया गया था। हालांकि सेनेगल पहुंचने पर कंपनी प्रबंधन ने कथित रूप से दबाव बनाकर महज 30 हजार रुपये का एग्रीमेंट करा लिया।
पासपोर्ट और वीजा जब्त
उमाशंकर का आरोप है कि कंपनी संचालक ने उनका मूल पासपोर्ट और वीजा अपने कब्जे में रख लिया है, जिसके कारण वह वहां से निकल नहीं पा रहे हैं।
कई महीनों से उन्हें वेतन का भुगतान भी नहीं किया गया है और बीमारी की हालत में भी रोजाना 12 घंटे जबरन काम कराया जा रहा है। विरोध करने पर मारपीट करने, खाना नहीं देने और जेल भेजने की धमकियां दी जा रही हैं।
सुरक्षित वापसी की जगी उम्मीद
पीड़िता चांदनी देवी की लिखित शिकायत मिलते ही केंद्रीय मंत्री ने विदेश मंत्रालय से राजनयिक स्तर पर हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया है।
केंद्रीय मंत्री ने परिजनों को आश्वस्त किया है कि दूतावास के जरिए उमाशंकर की सकुशल घर वापसी के हरसंभव प्रयास जारी हैं। इस त्वरित पहल पर स्थानीय मुखिया भोला राय और समाजसेवी शुभम मेहता सहित ग्रामीणों ने आभार व्यक्त किया है।
