मुजफ्फरपुर, जासं। जिले में सीबीएसई 12वीं कक्षा के रिजल्ट में एक बार फिर छात्राओं ने बाजी मारी है। छात्रों के मुकाबले छात्राओं का अंक फीसद ज्यादा रहा। शास्त्रीनगर खादी भंडार मोहल्ले की अदिति 96.6 फीसद अंक हासिल कर होली मिशन सीनियर सेक्रेंडी स्कूल की टापर बनीं। दसवीं बोर्ड की परीक्षा में 100 अंक मैथ में हासिल किए थे। गणित विषय मनपसंद होने से वह इंजीनियर बनना चाहती हैं। पिता चंद्रभूषण चौधरी एलआइसी में हंै और माता ज्योति चौधरी गृहिणी हंै। सफलता का श्रेय माता-पिता और गुरुजनों को दिया है। वहीं, दूसरे नंबर पर 94.8 फीसद अंक लाकर पीयुष कुमार व 93.8 फीसद अंक लाकर प्रियांशु दास तीसरे स्थान पर रहे। होली मिशन के डायरेक्टर डा. जीके मल्लिक ने कहा कि उनके यहां 151 विद्यार्थियों में सभी सर्वाधिक अंकों से पासआउट हुए हैं। बीपी इंद्रप्रस्थ इंटरनेशल स्कूल में फैजान आमिर को सर्वाधिक 93.8 फीसद अंक मिले हैं। वहीं, राशि ङ्क्षसह व अमृत प्रकाश को 93.4, अभ्युत कुमार को 90.8 फीसद अंक मिले। स्कूल के निदेशक सुमन कुमार ने कहा कि उनके यहां 90 और उससे अधिक फीसद अंक से सात छात्रों ने बाजी मारी है। 80 से 89 फीसद में 25 व 70 से 79 फीसद से 100 विद्यार्थियों ने परचम लहराया है। जैतपुर पब्लिक स्कूल की आयुषी प्रिया को 95.6 फीसद अंक मिले हैं। दूसरे नंबर आशिर अहमद और सुप्रिया सेनी को 95 फीसद अंक लाकर तीसरे नंबर पर रहीं।

नान एटेंडिंग विद्यार्थी कम अंक आने से मायूस

नान एटेंङ्क्षडग कक्षा करने वाले कुछ विद्यार्थियों को कम अंक आने से मायूस हैैं। जवाहरलाल रोड मोहल्ला निवासी चैंबर आफ कामर्स के महामंत्री सज्जन शर्मा ने बताया कि उनके भतीजे अनंत विक्रम को काफी कम मिले हैैं। उसे 83.2 फीसद अंक ही मिले हैं, जबकि 10वीं में 96 फीसद से ऊपर अंक लाया है। इसी तरह जनकी वल्लभ शास्त्री रोड निवासी राजा वर्णवाल उर्फ नवीन कुमार की पुत्री दिया वर्णवाल को 63 फीसद अंक मिले हैं। दिया ने बताया कि 12वीं बोर्ड कोई अंतिम नहीं होता है। आगे की पढ़ाई जारी है। उन्होंने कहा कि मैट्रिक में वह 82 फीसद अंक लाई थीं।

अभिभावकों में रही नाराजगी

12वीं में बच्चे को कम अंक मिलने पर कई अभिभावकों ने सीबीएसई और स्कूल संचालकों पर नाराजगी जाहिर की है। उनका कहना है कि सीबीएसई की मनमानी से कई बच्चों का भविष्य अधर में लटक गया है। दिल्ली, मुंबई या अन्य राज्यों के अच्छे स्कूलों में उनका नामांकन होना मुश्किल होगा।

दो बजे से पहले ही सीबीएसई की बेवसाइट की कर रहे थे मानीटङ्क्षरग

सेंट्रल बोर्ड आफ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) ने शुक्रवार को 12वीं बोर्ड का रिजल्ट जारी कर दिया। विद्यार्थियों ने आफिशियल वेबसाइट ष्ड्ढह्यद्गह्म्द्गह्यह्वद्यह्लह्य.ठ्ठद्बष्.द्बठ्ठ के जरिए जन्म तिथि और रोल नंबर के आधार पर रिजल्ट चेक किया। दोपहर दो बजे से पहले ही छात्र-छात्राएं मोबाइल, कंप्यूटर और लैपटाप खोल कर बैठ गई थीं। जैसे ही घड़ी में दो बजे अपना रिजल्ट खोजना शुरू कर दिया। सीबीएसई की बेवसाइट से जारी रिजल्ट के अनुसार इस साल परीक्षा में 99 फीसदी से अधिक अंक लाकर कई विद्यार्थी पास हुए हैं। कम अंक वाले कुछ विद्यार्थियों को कंपार्टमेंट कैटेगरी में रखा गया है।

पिछले साल से 17 दिन लेट आया रिजल्ट

पिछले साल रिजल्ट 13 जुलाई को जारी किया गया था। इस बार कोरोना से 17 दिन देरी से इसे जारी किया गया। इस साल बोर्ड ने 12वीं की परीक्षा रद कर दी थी। इसके बाद मार्किंग स्कीम तय करने और फिर उसके आधार पर रिजल्ट तैयार करने में हुई देरी से रिजल्ट 30 जुलाई को घोषित किया गया। परीक्षा रद होने से मेरिट लिस्ट और टापर्स की लिस्ट भी जारी नहीं की गई है।

कोर्ट के फैसले के बाद आया रिजल्ट

इस साल सीबीएसई बोर्ड ने कोरोना के चलते प्रधानमंत्री के फैसले के बाद 10वीं-12वीं की परीक्षाओं को रद कर दिया था। असेसमेंट स्कीम के आधार पर रिजल्ट जारी करने का फैसला लिया था। बोर्ड परीक्षाओं पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिए थे कि वह 10वीं व 12वीं का रिजल्ट 31 जुलाई तक जारी कर दें। उसके बाद ही सीबीएसई बोर्ड ने अपनी तैयारी तेज कर शुक्रवार को रिजल्ट जारी कर दिया।

ऐसे तैयार किया गया रिजल्ट

सीबीएसई के बनाए पैनल में 12वीं के विद्यार्थियों के मूल्यांकन के लिए 30:30:40 का फार्मूला तय किया गया है। इसके तहत 10वीं-11वीं के फाइनल रिजल्ट को 30 फीसद वेटेज दिया गया और 12वीं की प्री-बोर्ड परीक्षा को 40 फीसद वेटेज दिया गया। सीबीएसई ने चार जून को 12वीं के स्टूडेंट््स की मार्किंग स्कीम तय करने के लिए 13 सदस्यीय कमेटी बनाई थी। 

Edited By: Ajit Kumar