मुजफ्फरपुर, जागरण संवाददाता। एंटीजन किट कालाबाजारी का आरोपी सदर अस्पताल के प्रबंधक की सेवा समाप्त करने की कवायद तेज है। सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डा.एनके चौधरी ने कहा कि संविदा पर बहाल कर्मी को सेवा से हटाने की जवाबदेही जिला स्वास्थ्य समिति के ऊपर है। वैसे वह एक माह से ज्यादा समय से बिना सूचना गायब है। सिविल सर्जन सह अधीक्षक सदर अस्पताल के आदेश से उनका काम लेखापाल विपिन पाठक देख रहे हैं। लंबे समय से काम पर नहीं आने से एक तरह से उनकी सेवा अब नहीं रहेगी। संविदा वाले कर्मी के ऊपर प्राथमिकी दर्ज होने के बाद उसकी सेवा में दोबारा रखने वाले भी दंड के भागी होंगे। उपाधीक्षक डा.चौधरी ने कहा कि एक दो दिन में वह पूरी रिपोर्ट जिला स्वास्थ्य समिति, जिलाधिकारी समेत वरीय अधिकारी को देंगे।

15 दिन के बाद प्रक्रिया शुरू

जिला स्वास्थ्य समिति के प्रबंधक बीपी वर्मा ने बताया कि संविदा पर बहाल कोई भी कर्मी अगर 15 दिन तक बिना अवकाश लिए गायब रहता है। उसके बाद उसको शोकाज नोटिस दी जाती है। उसके जवाब आने के बाद सेवा से हटाने की दिशा में कानूनी कदम उठाया जाता है। डीपीएम ने कहा कि सदर अस्पताल के प्रबंधक प्रवीण कुमार उपाधीक्षक के अधीन है। उनके वेतन देने के अधिकारी वहीं है। इसलिए उनकी रिपोर्ट आने के बाद अगला कदम उठाया जाएगा।

डीएस के रिपोर्ट पर हटा कार्यभार

सदर अस्पताल के उपाधीक्षक ने सिविल सर्जन को पत्र लिखकर यह जानकारी दी थी कि प्रबंधक प्रवीण कुमार अवकाश पर चल रहे हैं। इससे यहां का काम प्रभावित है। उपाधीक्षक के पत्र के आलोक मेें सिविल सर्जन डा.विनय कुमार शर्मा ने उपाधीक्षक से पत्र जारी कर पूछा है कि जिस पर आपराधिक मामला दर्ज है उसको किसने अवकाश दिया, कितने दिन का अवकाश दिया और वह अवकाश के अवधि में कहां है। सीएस के कड़े रुख के बाद वह परिसर में नहीं आए।

अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित

सीएस डा.विनय कुमार शर्मा ने कहा कि प्रबंधक अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित चल रहा है। उपाधीक्षक व डीपीएम की रिपोर्ट आने के बाद अगला कदम उठाया जाएगा। समय पर रिपोर्ट नहीं देने वाले पर भी एक्शन होगा। वैसे प्रबंधक को तत्काल हटा दिया गया है। पुलिस व न्यायालय इस मामले में कार्रवाई कर रही है। पुलिस को हर स्तर पर सहयोग किया जा रहा है।

मई महीने में पांच गिरफ्तारी

कोरोना जांच के लिए आई एंटीजन किट के कालाबाजारी में सकरा पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की। मई महीने में सकरा थाना क्षेत्र के सुस्ता गांव से प्रशिक्षु डीएसपी के नेतृत्व में पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर सदर अस्पताल के लैब टेक्नीशियन संजय ठाकुर के ससुराल से चार हजार रैपिड एंटीजन किट को बरामद किया। पांच लोगों को हिरासत में लेकर जेल भेजा। इस मामले में सदर अस्पताल के प्रबंधक व सरैया पीएचसी का एक लैब टेकनीशियन अभी फरार चल रहा है।  

Edited By: Ajit Kumar