मुजफ्फरपुर, जेएनएन। बालिका गृह यौन हिंसा मामले के मुख्य आरोपित ब्रजेश ठाकुर से पटियाला जेल में जाकर ईडी पूछताछ करेगा। ईडी की ओर से उसके विशेष लोक अभियोजक मनोज कुमार ने पूछताछ की अनुमति देने के लिए विशेष पॉक्सो कोर्ट में अर्जी दाखिल की थी। सीबीआइ ने इस अर्जी पर किसी तरह की कोई आपत्ति नहीं जताई है। अर्जी पर सुनवाई के बाद विशेष पॉक्सो कोर्ट ने अनुमति दे दी है।
 कोर्ट ने पटियाला जेल अधीक्षक को भी आदेश की प्रति उपलब्ध कराने का आदेश दिया है। संभावना है कि अगले सप्ताह ईडी की टीम पटियाला जेल पहुंचकर पूछताछ करेगी। विशेष लोक अभियोजक ने बताया कि ब्रजेश ठाकुर ने अकूत संपत्ति जमा कर रखी है। ईडी यह जानना चाह रहा है कि आखिर इतनी संपत्ति उसने कहां से अर्जित की। उसकी पत्नी और पुत्र से पूछताछ में संपत्ति के बारे में मिली जानकारी को भी उसके समक्ष रखकर प्रतिपरीक्षण किया जाएगा।
पत्नी और पुत्र से पहले ही हो चुकी पूछताछ
ब्रजेश ठाकुर की पत्नी डॉ. आशा ठाकुर और पुत्र राहुल आनंद को पटना बुलाकर ईडी पूछताछ कर चुका है। पूछा गया था कि आखिर इतनी संपत्ति उसके पास कहां से आई। दोनों से पूछताछ के बाद ईडी इस संबंध में ब्रजेश ठाकुर से भी पूछताछ करना जरूरी समझ रहा है। इसके बाद ही वह रिपोर्ट जारी करेगा।
पुलिस पेपर उपलब्ध कराने को मांगा समय
सीबीआइ ने पिछले 20 दिसंबर को 21 आरोपितों के विरुद्ध विशेष पॉक्सो कोर्ट में अर्जी दाखिल की थी। इसके संज्ञान के बाद शनिवार को कोर्ट के माध्यम से सीबीआइ की ओर से आरोपितों को पुलिस पेपर दिए जाने थे। इस बीच मामले की अनुसंधानकर्ता सह सीबीआइ इंस्पेक्टर विभा कुमारी ने शनिवार को विशेष पॉक्सो कोर्ट में एक अर्जी दाखिल कर पुलिस पेपर उपलब्ध कराने के लिए समय देने की प्रार्थना की।
 कहा गया था कि पॉक्सो एक्ट के तहत पीडि़ताओं के नाम सार्वजनिक नहीं किए जाने हैं। इसके मद्देनजर पुलिस पेपर तैयार किए जा रहे हैं। इस मामले में आरोपितों की संख्या अधिक है। उसे उस पर लगे आरोपों से संदर्भित पुलिस पेपर ही दिए जाने हैं। इसलिए इसमें समय लग रहा है। विशेष कोर्ट ने इस अर्जी को स्वीकार करते हुए इसके लिए 17 जनवरी की तारीख मुकर्रर की है।
17 जनवरी तक बढ़ी न्यायिक हिरासत की अवधि
पटियाला जेल में बंद ब्रजेश ठाकुर, बेउर जेल व मुजफ्फरपुर जेल में बंद 16 आरोपितों की शनिवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग से विशेष पॉक्सो कोर्ट में पेशी कराई गई। विशेष कोर्ट ने सभी की न्यायिक हिरासत की अवधि 17 जनवरी तक बढ़ा दी है।
दिलीप वर्मा कोर्ट में पेश, भेजा गया जेल
रिमांड अवधि पूरी होने पर सीबीआइ ने सीडब्ल्यूसी के पूर्व अध्यक्ष दिलीप वर्मा को विशेष पॉक्सो कोर्ट में पेश किया गया। जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। वह पिछले 21 दिसंबर से पूछताछ के लिए सीबीआइ रिमांड पर था। उसने 20 दिसंबर को विशेष पॉक्सो कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। तब उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया था।

Posted By: Ajit Kumar

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