साले को जेल भेजकर हड़पना चाहता था ससुराल की जमीन, मुजफ्फरपुर में लूट की झूठी कहानी का पर्दाफाश
मुजफ्फरपुर में ससुराल की जमीन हड़पने के लिए एक दामाद ने अपने साले को फंसाने की साजिश रची। उसने 25 ...और पढ़ें

आरोपित की गिरफ्तारी के बाद जानकारी देते पुलिस पदाधिकारी।
संजीव कुमार, मुजफ्फरपुर । कांटी थाना क्षेत्र में 25 जून को हुए लूट की घटना की घटना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इसमें कांटी के नीतेश चौबे को देवघर से गिरफ्तार किया गया है।
जांच में पता चला कि ससुराल की जमीन हड़पने की नीयत से गिरफ्तार आरोपित नीतेश के द्वारा साहेबगंज के एक दोस्त को 50 हजार रुपये का प्रलोभन देकर उससे लूट का झूठा केस कराया गया था।
इतना ही नहीं साले को केस में फंसाने के लिए घटनास्थल पर उसका वोटर आइकार्ड भी गिरा दिया गया था, ताकि उसका साला लूट में गिरफ्तार हो सके। घटना का मामला दर्ज कर पुलिस ने इसकी जांच शुरू की।
प्रारंभिक जांच के दौरान ही घटना संदिग्ध प्रतीत हो रहा था। छानबीन के दौरान घटनास्थल से मिले वोटर आइकार्ड के आधार पर दरभंगा के केवटी इलाके से संबंधित व्यक्ति को पकड़ा गया। उससे पूछताछ की गई। इसमें पुलिस को पता चला कि उसने वोटर आइकार्ड लिया ही नहीं था।
जांच में गिरफ्तार आरोपित के सास के द्वारा बताया गया कि उनका दामाद नीतेश चौबे वोटर आइकार्ड लिया था। इसके पीछे मकसद था कि लूट के केस में उसका साला गिरफ्तार हो सके। साला को जेल भेजवाकर ससुराल की जमीन हड़प सके। घटना का पर्दाफाश करते हुए डीएसपी पश्चिमी वन सुचित्रा कुमारी ने प्रेस कांफ्रेंस में इसकी जानकारी दी।
बताया गया कि 25 जून की रात्रि कांटी इलाके में लूट की घटना के संबंध में मनीष कुमार ने प्राथमिकी कराई थी। घटना की गंभीरता को देखते हुए सफल उद्भेदन के लिए एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया।
गठित टीम द्वारा कार्रवाई करते हुए मानवीय एवं तकनीकी आसचूना संकलन के आधार पर घटना में शामिल आरोपित कांटी के नीतेश चौबे को देवघर (झारखंड) से गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपित से पूछताछ में यह तथ्य प्रकाश में आया कि उसने अपने साला दरभंगा जिले के केवटी इलाके के धर्मेश कुमार को झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भेजवाने तथा बाद में उसे छुड़ाने के बहाने सास की भूमि हड़पने की नीयत से उनका मतदाता पहचान पत्र एवं दो पुराने खोखे अपने मित्र साहेबगंज के मनीष कुमार को विश्वास में लेकर रास्ते में फेंकवा दिया था।
पुलिस का कहना है कि इसमें शामिल अन्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है। इसके साथ ही गिरफ्तार आरोपित के पूर्व का रिकार्ड भी खंगाला जा रहा है।
लंबित केस सामने आने के बाद उसे रिमांड पर लेने की कवायद की जाएगी। इसके अलावा पुलिस ने लूट का झूठा केस दर्ज कराने के मामले में भी अलग से एक प्राथमिकी की है।
