मुजफ्फरपुर, जासं। जिले में सात नगर पंचायतों के गठन एवं तीन के नगर परिषद में विस्तारीकरण का असर आगामी पंचायत चुनाव में दिखेगा। इस बार जहां पिछले चुनाव की तुलना में 12 कम पंचायतों में चुनाव होंगे। 385 की जगह 373 पंचायतों में चुनाव होने से बूथों की संख्या भी कम हो जाएगी। इसकी संख्या को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग ने भी दिशा-निर्देश जारी किया है। आयोग के निर्देश में कहा गया है कि जिस पंचायत का पूरा भाग नगर निकाय में शामिल हो गया है उसके सभी बूथ विलोपित कर दिए जाएं। आंशिक क्षेत्र को निकाय में शामिल किए जाने की स्थिति में शेष बचे ग्राम पंचायतों में बूथ बनाए जाएंगे। इसके अलावा वैसे वार्ड जहां किसी कारण से पूर्व में बूथ नहीं होकर पास के वार्ड में हो। साथ ही वह वार्ड अगर नगरपालिका में चला गया हो तो वैसे मतदान केंद्र को संबंधित पंचायत में बनाया जाएगा। 

बूथ हटाए जाने की सूचना होगी जारी

आयोग के निर्देश के अनुसार जहां से बूथ विलोपित या स्थानांतरित किए जाएंगे उसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। इसके लिए 30 जुलाई से 12 अगस्त तक सूचना भी प्रकाशित कराई जाएगी। ग्राम पंचायत एवं पंचायत समिति के मामले में यह सूचना पंचायत एवं प्रखंड कार्यालय में जारी की जाएगी। जिला परिषद के मामले में प्रखंड, एसडीओ एवं डीएम कार्यालय में भी प्रकाशित की जाएगी। बूथ को लेकर किसी तरह की आपत्ति आती है तो इसका निराकरण 14 अगस्त तक कर लिया जाए। किसी तरह के संशोधन की सूचना आयोग को 18 अगस्त तक देने की तिथि तय की गई है।

जिले में बनेंगे 5262 बूथ

इस बार चुनाव में कुल 5262 बूथों पर डाले जाएंगे वोट। ये बूथ 3536 भवनों में होंगे। मुखिया, वार्ड, पंचायत समित सदस्य एवं जिला परिषद सदस्य के लिए ईवीएम से चुनाव होने के कारण 850 वोटरों पर एक बूथ बनाया गया है। पिछले चुनाव में यह संख्या 700 थी।पिछले चुनाव में कुल 5498 बूथ थे। इस तरह 236 बूथ कम हो जाएंगे।

प्रखंडवार बूथों की संख्या

प्रखंड पंचायत बूथ

सरैया 29 392

बंदरा 12 167

मड़वन 14 198

मीनापुर 26 378

गायघाट 23 329

कुढऩी 37 524

कटरा 22 313

औराई 26 350

साहेबगंज 19 247

पारू 34 476

सकरा 27 369

मोतीपुर 29 410

मुशहरी 26 411

कांटी 20 305

मुरौल 09 110

बोचहां 20 283

कुल 373 5262  

Edited By: Ajit Kumar