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मुंगेर विश्वविद्यालय में VC की कुर्सी पर बैठकर कर्मचारी ने बनाई रील, PA का वीडियो वायरल

Published: Tue, 25 Aug 2026 05:11 PM (IST)

मुंगेर विश्वविद्यालय में कुलपति की कुर्सी पर कर्मचारी द्वारा रील बनाने का वीडियो वायरल होने से विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली पर ...और पढ़ें

HighLights

  1. कुलपति की कुर्सी पर कर्मचारी का रील वीडियो वायरल हुआ।

  2. विश्वविद्यालय की प्रशासनिक गरिमा पर उठे गंभीर सवाल।

  3. जांच के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया।

जागरण संवाददाता, मुंगेर। मुंगेर विश्वविद्यालय के कुलपति सचिवालय में कार्यरत एक कर्मचारी का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित (वायरल) होने से विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली और प्रशासनिक मर्यादा पर सवाल खड़े हो गए हैं। हालांकि, इस वीडियो की दैनिक जागरण पुष्टि नहीं करता है।

इधर, विश्वविद्यालय के सीनेट सदस्य अभिषेक कुमार बमबम ने कहा कि कुलपति की अनुपस्थिति में उनका निजी सहायक कथित रूप से कुलपति की कुर्सी पर बैठकर रील और फोटो बना रहा है। यह विश्वविद्यालय की गरिमा और कुलपति पद की प्रतिष्ठा से जुड़ा गंभीर मामला है।

सीनेट सदस्य ने कहा कि कुलपति का पद किसी व्यक्ति विशेष की निजी संपत्ति नहीं, बल्कि विश्वविद्यालय की संवैधानिक व प्रशासनिक गरिमा का प्रतीक है। ऐसे में यदि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा कृत्य वास्तव में हुआ है तो इसकी निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध कार्रवाई होनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से मामले को नजरअंदाज करना उचित नहीं होगा।

संघर्ष से बने विश्वविद्यालय की गरिमा पर प्रश्न

अभिषेक कुमार बमबम ने कहा कि मुंगेर विश्वविद्यालय की स्थापना के लिए स्थानीय लोगों ने लंबे समय तक संघर्ष किया है। उनकी अपेक्षा थी कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों के हित और क्षेत्र की शैक्षणिक प्रतिष्ठा को नई ऊंचाई देगा, लेकिन लगातार ऐसी घटनाएं छात्रों और आम लोगों को निराश करती हैं।

उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय परिसर में पद की गरिमा और प्रशासनिक अनुशासन सर्वोच्च होना चाहिए। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की कि प्रसारित वीडियो की तत्काल जांच कर वास्तविकता सामने लाई जाए और दोष सिद्ध होने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।

साथ ही ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्पष्ट प्रशासनिक व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की।

यह मामला विश्वविद्यालय प्रशासन की जानकारी में आया है। घटना की जांच के लिए डीएसडब्ल्यू के नेतृत्व में तीन सदस्यीय जांच समिति गठित की गई है। जांच समिति की रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। -प्रो. शिवकुमार मंडल, कुलानुशासक