Munger NH 333B Condition: 500 मीटर में 25 जानलेवा गड्ढे, जमुई-बरियारपुर NH 333बी पर सफर बना आफत; घंटों भीषण जाम
Munger NH 333B Condition: मुंगेर और जमुई सीमा पर NH 333B की हालत बेहद खराब है, बरियारपुर में 500 मीटर ...और पढ़ें

Munger NH 333B Condition: सड़क पर फर्राटा नहीं, गड्ढों में फंस रही रफ्तार: एनएच 333बी पर 500 मीटर में 25 बड़े गड्ढे; हर दिन खराब हो रहे भारी वाहन, NHAI कब जागेगा?
HighLights
NH 333B पर 500 मीटर में 25 से अधिक गड्ढे।
गड्ढों के कारण भारी वाहन फंसते, लगता भीषण जाम।
पांच साल से नहीं हुआ सड़क का रखरखाव, मरम्मत लंबित।
संवाद सहयोगी, मुंगेर। Munger NH 333B Condition: राष्ट्रीय राजमार्ग (NH) पर तेज रफ्तार और सुगम सफर का सपना मुंगेर और जमुई सीमा पर गड्ढों में फंसकर दम तोड़ रहा है। जमुई-बरियारपुर के बीच बने एनएच 333बी की स्थिति इस कदर जर्जर हो चुकी है कि बरियारपुर में महज 500 मीटर के दायरे में सड़क के दोनों किनारों पर 25 से अधिक बड़े और खतरनाक गड्ढे बन चुके हैं।
एक से डेढ़ फीट गहरे इन गड्ढों से होकर भारी वाहनों का गुजरना किसी बड़े जोखिम से कम नहीं है। आए दिन गड्ढों में फंसकर लोडेड ट्रकों के एक्सल और कमानी टूट रहे हैं, जिसके बाद राष्ट्रीय राजमार्ग पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग जाता है।
स्थानीय स्थिति के अनुसार, बरियारपुर तीनबटिया से आरओबी (रेलवे ओवरब्रिज) तक करीब 100 मीटर और आरओबी से सोतीपुल तक 400 मीटर के हिस्से में सड़क पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। हाल के दिनों में हुई बारिश और अत्यधिक भारी वाहनों के दबाव ने सड़क की सूरत और ज्यादा बिगाड़ दी है।
जमुई-बरियारपुर के बीच एनएच 333बी बदहाल; बरियारपुर में महज 500 मीटर के दायरे में 25 से अधिक जानलेवा गड्ढे
एक से डेढ़ फीट गहरे गड्ढों में फंसकर आए दिन खराब हो रहे भारी ट्रक, 6 से 12 घंटे तक थम रहा राष्ट्रीय राजमार्ग का चक्का
श्रावणी मेले से लेकर अब तक लगातार लग रहा भीषण जाम, ट्रैफिक पुलिस को हाइड्रा से वाहन हटाने में छूट रहे पसीने
5 साल से नहीं हुई नियमित मरम्मत; एनएच विभाग ने कहा— स्टीमेट भेजा गया है, टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद शुरू होगा काम
रविवार देर रात भी दो अलग-अलग स्थानों पर गड्ढों में फंसकर दो भारी ट्रक खराब हो गए, जिससे सोमवार दोपहर तक भीषण जाम लगा रहा। ट्रैफिक पुलिस को हाइड्रा क्रेन मंगवाकर दोनों ट्रकों को हटाने में छह घंटे से अधिक की मशक्कत करनी पड़ी।
वन-वे व्यवस्था भी फेल, लगातार हो रही फजीहत
ट्रैफिक डीएसपी प्रभात रंजन ने बताया कि सोतीपुल से बरियारपुर तक एनएच 333बी पूरी तरह जर्जर हो चुका है। सड़क संकरी होने और बीचों-बीच गहरे गड्ढे होने के कारण जैसे ही कोई बड़ा वाहन खराब होता है, दोनों तरफ का आवागमन ठप हो जाता है। ऐसी स्थिति में वन-वे व्यवस्था लागू कर वाहनों को निकालना भी बेहद मुश्किल हो जाता है। हाल ही में संपन्न हुए श्रावणी मेले के दौरान भी कांवरियों का वाहन गड्ढे में फंस गया था, जिससे घंटों जाम की स्थिति बनी रही थी।
5 वर्षों से नहीं हुआ मेंटेनेंस, ओवरलोडिंग पर भी नियंत्रण नहीं
राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहनों के लिए भार क्षमता (Load Capacity) का कोई साइनेज बोर्ड नहीं लगाया गया है, जिससे ओवरलोड भारी वाहनों का बेरोकटोक परिचालन हो रहा है। एनएच के अधिकारियों के अनुसार, बरियारपुर से गंगटा के बीच सड़क की मरम्मत करीब पांच वर्ष पहले कराई गई थी। इसके बाद से नियमित रखरखाव नहीं होने के कारण सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है।
विभागीय प्रक्रिया में फंसा सुधार कार्य
सड़क की खस्ताहाली पर राष्ट्रीय राजमार्ग मुंगेर के सहायक अभियंता राम प्रवेश चौधरी ने बताया कि एनएच 333बी की विशेष मरम्मत के लिए प्राक्कलन (स्टीमेट) तैयार कर विभागीय मुख्यालय को स्वीकृति हेतु भेजा गया है। निविदा (टेंडर) प्रक्रिया पूरी होते ही युद्धस्तर पर सड़क निर्माण और मरम्मत कार्य शुरू कराया जाएगा। हालांकि, जब तक टेंडर प्रक्रिया पूरी नहीं होती, तब तक हजारों राहगीरों और वाहन चालकों को इन्हीं जानलेवा गड्ढों के बीच जोखिम भरा सफर तय करना होगा।
