विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

'बच्चा की कसम खा रहे हैं...' मुंगेर में रेफर के लिए मांगे 2000 रुपये! महिला का भावुक वीडियो वायरल

Published: Thu, 24 Sep 2026 12:01 PM (IST)

Munger Dharhara CHC Viral Video: मुंगेर के धरहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव पीड़िता को रेफर करने के एवज में ...और पढ़ें

HighLights

  1. धरहरा सीएचसी में रेफर के लिए ₹2000 की रिश्वत का आरोप।

  2. महिला ने बच्चे की कसम खाकर अस्पताल कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए।

  3. चिकित्सा प्रभारी ने लिखित शिकायत पर जांच और कार्रवाई का आश्वासन।

संवाद सहयोगी, धरहरा (मुंगेर)। Munger Dharhara CHC Viral Video: सरकारी अस्पतालों में मुफ्त और सुलभ इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचने वाले गरीब मरीजों की लाचारी और व्यवस्था की कथित बदहाली को उजागर करने वाला एक बेहद भावुक वीडियो इन दिनों इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है।

मुंगेर जिले के धरहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) से जुड़े इस वीडियो में एक महिला रोते हुए और अपने बच्चे की कसम खाकर अस्पताल कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाती नजर आ रही है।

वीडियो में महिला स्पष्ट रूप से कहती सुनाई दे रही है— "हम झूठ नहीं बोल रहे हैं... अपने बच्चा की कसम खा रहे हैं।" पीड़ित स्वजन का आरोप है कि प्रसव पीड़िता को हायर सेंटर रेफर करने के एवज में अस्पताल कर्मियों ने उनसे दो हजार रुपये की रिश्वत मांगी।

जानकारी के अनुसार, बड़ी गोविंदपुर निवासी प्रियंका देवी अपने परिवार की एक महिला के प्रसव (डिलिवरी) के लिए बुधवार को स्वजन के साथ धरहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंची थीं। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकीय स्थिति को जटिल देखते हुए ड्यूटी पर तैनात स्वास्थ्य कर्मियों ने मरीज को किसी बड़े अस्पताल के लिए रेफर किए जाने की बात कही।

एएनएम और जीएनएम पर दो हजार रुपये मांगने का आरोप

पीड़ित स्वजन का सीधा आरोप है कि जैसे ही मरीज को रेफर करने की प्रक्रिया शुरू हुई, वहां मौजूद स्वास्थ्य कर्मियों ने कागजात तैयार करने और रेफरल पर्ची देने के बदले दो हजार रुपये की मांग रख दी। पीड़ित परिवार ने जब असमर्थता जताई, तो विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई।

मामले में अस्पताल की एएनएम सविता कुमारी और जीएनएम नूतन कुमारी पर सीधे तौर पर रेफर के नाम पर राशि मांगने का आरोप लगाया गया है।

प्रसारित वीडियो में महिला अपने आरोपों को लेकर बेहद भावुक और बेबस नजर आ रही है। वह रोते हुए कह रही है कि वह किसी पर झूठा इल्जाम नहीं लगा रही, बल्कि सच साबित करने के लिए अपनी संतान की कसम खाने को तैयार है।

धरहरा अस्पताल प्रकरण

  • स्थान: धरहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी), मुंगेर।

  • शिकायतकर्ता पक्ष: प्रियंका देवी व स्वजन (निवासी: बड़ी गोविंदपुर, धरहरा)।

  • मामला: प्रसव पीड़िता को बेहतर इलाज हेतु रेफर करने के एवज में ₹2,000 की कथित अवैध मांग।

  • आरोपित कर्मी: एएनएम सविता कुमारी और जीएनएम नूतन कुमारी।

  • प्रशासनिक रुख: चिकित्सा प्रभारी डॉ. अविनाश कुमार द्वारा लिखित आवेदन मिलने पर जांच व सख्त कार्रवाई का भरोसा।

वीडियो के वायरल होते ही सरकारी अस्पताल की कार्यप्रणाली, प्रसव सेवाओं और रेफरल व्यवस्था की पारदर्शिता को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया है। हालांकि, दैनिक जागरण इस प्रसारित वीडियो की सत्यता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता है; मामले की पूरी सच्चाई निष्पक्ष प्रशासनिक जांच के बाद ही सामने आ सकेगी।

आवेदन मिलने पर होगी कठोर कार्रवाई: चिकित्सा प्रभारी

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों से गरीब और जरूरतमंद लोग इस विश्वास के साथ सरकारी अस्पताल आते हैं कि उन्हें वहां नि:शुल्क और समुचित इलाज मिलेगा।

ऐसे संवेदनशील समय में, जब मरीज जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा हो, रेफर के नाम पर कथित रूप से अतिरिक्त पैसे की मांग करना मानवीय संवेदनाओं को झकझोरने वाला और बेहद गंभीर मामला है।

धरहरा सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. अविनाश कुमार ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अभी तक पीड़िता या उनके स्वजन द्वारा केवल मौखिक रूप से जानकारी दी गई है।

"लिखित आवेदन मिलने पर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। जांच में जो भी तथ्य और साक्ष्य सामने आएंगे, उसके आधार पर दोषी पाए जाने वाले संबंधित कर्मियों के विरुद्ध सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।"

-

डॉ. अविनाश कुमार, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, धरहरा सीएचसी