मधुबनी। वैश्विक कोरोना महामारी को नियंत्रित करने के लिए प्रखंड प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग ने पूरी तरह कमर कस ली है। कोरोना महामारी से स्थाई निदान के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार गांव-गांव कैंप लगाकर कोरोना संक्रमण की जांच और लोगों कोविड वैक्सीन लगाने का कार्य युद्ध स्तर पर चला रही है। इस दौरान लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है। सोमवार को प्रखंड के पंचायत भवन साहरघाट, पंचायत भवन पिहवारा एवं सामुदायिक भवन पोखरैनी में टीकाकरण शिविर लगाया गया। बीडीओ बैभव कुमार ने सोमवार को टीकाकरण कैंप पिहवारा का निरीक्षण किया। इस दौरान बीडीओ ने कैंप पर मौजूद चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कामेश्वर महतो से टीकाकरण की अद्यतन जानकारी ली। वहीं, टीका स्थल पर महामारी से बचाव के लिए लोगों से टीका लगवाने की अपील की। उन्होंने कहा कि अब लोगों को टीका लगवाने के लिए सीएचसी मधवापुर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। ग्रामीण स्तर पर लोगों को उनके गांव में ही टीकाकरण करना है। अब आसानी से अपने घर के पास ही कोरोना का टीका लगवा सकते हैं। इससे लोगों को वैक्सीन लेने में आसानी होगी, बल्कि वैक्सीनेशन अभियान में भी तेजी आएगी। प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. कामेश्वर महतो ने बताया कि 45 वर्ष से अधिक उम्र के 170 लोगों को कोविड वैक्सीन लगाया गया है। पंचायत भवन साहरघाट में 50, पंचायत भवन पिहवारा में 40 एवं सामुदायिक भवन पोखरैनी में 80 लोगों का टीकाकरण किया गया। मौके पर डॉ. साबिर अली, डॉ. विकास कुमार, डॉ. मनोज कुमार अकेला समेत एएनएम व स्वास्थ्य कर्मी मौजूद थे। खजौली में 30 लोगों का टीकाकरण खजौली। स्थानीय सीएचसी की देखरेख में प्रखंड के तुलसियाही एवं कसमा गांव में सोमवार को 30 लोगों को कोरोना का टीका लगाया गया। यूनीसेफ के बीएमसी कालीचरण झा ने बताया कि तुलसियाही पंचायत भवन में लगाए गए टीकाकारण कैंप में 45 से अधिक आयु वर्ग के 20 एवं चलंत टीकाकरण दल द्वारा कसमा गांव में 45 प्लस के 10 लोगों को टीका लगाया गया। कहा कि 45 के अधिक उम्र के सभी 30 लोगों को प्रथम डोज का टीका लगाया गया।

Edited By: Jagran