मधुबनी में 299 रुपये के रिफंड के चक्कर में पिता-पुत्री से 1.17 लाख की ठगी, फर्जी कस्टमर केयर का खेल
मधुबनी में 299 रुपये के रिफंड के लिए गूगल पर कस्टमर केयर नंबर खोजने के चक्कर में एक पिता-पुत्री साइबर ...और पढ़ें

इसमें प्रतीकात्मक तस्वीर लगाई गई है।
जागरण संवाददाता, मधुबनी। 299 रुपये वापस पाने के लिए कस्टमर केयर का नंबर खोजना साहरघाट के एक परिवार को भारी पड़ गया। गूगल पर मिले फर्जी कस्टमर केयर नंबर के जरिए ठगों ने पहले रिफंड का भरोसा दिलाया और फिर वाट्सएप पर एंड्रॉइड लिंक भेज दिया।
लिंक पर क्लिक करते ही पिता-पुत्री के बैंक खातों से अलग-अलग ट्रांजैक्शन में कुल 1,17,600 रुपये निकल गए। ठगी का पता चलने के बाद पीड़ित संतोष कुमार भगत ने साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस मोबाइल नंबर, भेजे गए लिंक और ट्रांजैक्शन आईडी के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
299 रुपये कटे तो खोजा कस्टमर केयर
घटना 24 अगस्त की शाम करीब 4:30 बजे की है। संतोष कुमार भगत के खाते से ऑनलाइन सेवा के नाम पर 299 रुपये कट गए थे। रकम वापस लेने के लिए उन्होंने गूगल पर संबंधित कंपनी का कस्टमर केयर नंबर खोजा। सर्च में मिले नंबर पर उन्होंने फोन किया। दूसरी ओर मौजूद व्यक्ति ने खुद को कंपनी का प्रतिनिधि बताया और रिफंड कराने का भरोसा दिया।
पुत्री के खाते से भी कटे 299 रुपये
इसी दौरान संतोष की पुत्री के खाते से भी 299 रुपये कट गए। इसके बाद ठगों ने वाट्सएप कॉल कर दोनों को अपने झांसे में लिया। रिफंड की प्रक्रिया पूरी करने के नाम पर एक एंड्रॉइड लिंक भेजा गया और उस पर क्लिक करने के लिए कहा गया।
लिंक खुलते ही खाते से उड़ गए 85 हजार
संतोष ने जैसे ही लिंक पर क्लिक किया, उनके खाते से गूगल-पे के माध्यम से 85 हजार रुपये निकाल लिए गए। इसके बाद उनकी पुत्री के खाते से भी कई बार में रकम ट्रांसफर कर ली गई। दोनों खातों से कुल 1,17,600 रुपये की निकासी हुई। रिफंड के नाम पर शुरू हुआ पूरा खेल कुछ ही देर में बड़ी साइबर ठगी में बदल गया।
मोबाइल नंबर और लिंक से होगी जांच
साइबर थानाध्यक्ष सह डीएसपी अंकुर कुमार ने बताया कि मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मोबाइल नंबर, भेजे गए लिंक और ट्रांजैक्शन आईडी के आधार पर जांच की जा रही है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी कंपनी का कस्टमर केयर नंबर गूगल सर्च से मिलने पर सीधे भरोसा न करें। बैंक खाते या रिफंड से जुड़ी जानकारी मांगने वाले अनजान लोगों से सावधान रहें और किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें।
