लखीसराय। किसानों को डीजल अनुदान की राशि के लिए अब विभाग के पास कंप्यूटराइज रसीद देनी होगी। यह व्यवस्था पांच सितंबर से ही लागू कर दी गई है। रामगढ़ चौक प्रखंड के कृषि पदाधिकारी प्रमोद कुमार ने यह जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों एवं कृषकों से सूचना प्राप्त हुई है कि डीजल अनुदान में पेट्रोल पंप एवं बिचौलिये की मिलीभगत से मैनुअल कूपन के माध्यम से घपला किया जा रहा है। इस कारण डीजल अनुदान का सत्यापन एवं भुगतान में कठिनाई होती है। उन्होंने बताया कि एक आदेश जारी करके सभी को कह दिया गया है कि पांच सितंबर के बाद से कंप्यूटर द्वारा जनित कूपन ही मान्य होगा। साथ ही सभी कृषक उक्त कूपन पर अपना नाम लिखते हुए उसको पठनीय स्थिति में ऑनलाइन करना सुनिश्चित करेंगे। प्रखंड कृषि पदाधिकारी एवं संबंधित राजस्व ग्राम के कृषि समन्वयक प्रत्येक राजस्व ग्राम की समीक्षा कर सुनिश्चित करेंगे कि किसी भी स्थिति में फसलवार अच्छादित रकवा से अधिक आवेदन का सृजन नहीं किया जाए। ऑनलाइन आवेदन में लोड किए गए कंप्यूटर जनित कूपन पर कृषक अपना नाम लिखकर ही उसको अपलोड करें। कूपन पर नाम नहीं लिखे होने की स्थिति में आवेदन अमान्य करार कर दिया जाएगा। साथ ही उक्त आवेदन को अस्वीकृत कर दिया जाएगा। इसकी जवाबदेही स्वयं कृषक की होगी।

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