मामा ने 40 दिन के मासूम भांजे को दो लाख में बेचा; जिसने खरीदा उसने तीन लाख में बेचा, बढ़ता गया क्रम... बिकता गया नवजात
Khagaria Crime News: खगड़िया में एक मामा ने अपने 40 दिन के मासूम भांजे का अपहरण कर उसे दो लाख ...और पढ़ें

Khagaria Crime News: मामा ने भांजे का बेचा। प्रतीकात्मक तस्वीर
HighLights
मामा ने 40 दिन के भांजे का अपहरण किया।
मासूम को दो लाख में बेचा, फिर तीन लाख में।
पुलिस ने मामा और खरीदार को किया गिरफ्तार।
जागरण संवाददाता, खगड़िया। Khagaria Crime News: जिले के गंगौर ओपी क्षेत्र से मानवीय रिश्तों को तार-तार कर देने वाला एक अत्यंत सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां लाभगांव में एक सगे मामा ने अपने ही महज एक माह दस दिन (40 दिन) के मासूम भांजे का अपहरण कर लिया और उसे दो लाख रुपये में बेच डाला।
इतना ही नहीं, मामले की परतें खुलीं तो यह खुलासा हुआ कि बच्चे को खरीदने वाले व्यक्ति ने उसे आगे किसी तीसरे शख्स को तीन लाख रुपये में बेच दिया है। नवजात की खरीद-फरोख्त की इस घटना से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है।
खिलाने के बहाने गोद लिया और गायब हो गया मामा
मिली जानकारी के अनुसार, रविवार को गंगौर ओपी क्षेत्र अंतर्गत लाभगांव निवासी फूदो पासवान ने ओपी अध्यक्ष श्यामसुंदर पासवान को लिखित सूचना दी कि उनका साला (बच्चे का सगा मामा) रामाशीष पासवान घर आया हुआ था। उसने प्यार से खिलाने के बहाने उनके एक माह दस दिन के दुधमुंहे बेटे को अपनी गोद में लिया और मौका पाकर उसे लेकर चुपके से फरार हो गया।
काफी खोजबीन के बाद भी जब दोनों का कोई सुराग नहीं मिला, तो परिजनों को अनहोनी की आशंका सताने लगी और उन्होंने फौरन पुलिस की शरण ली।
एसपी ने गठित की विशेष टीम, दो आरोपित हिरासत में
दूधमुंहे बच्चे के अपहरण और सौदेबाजी का मामला संज्ञान में आते ही पुलिस अधीक्षक पुष्कर आनंद ने इसे अत्यंत गंभीरता से लिया। एसपी के निर्देश पर गंगौर ओपी प्रभारी श्यामसुंदर पासवान के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।
पुलिस टीम ने त्वरित तकनीकी सर्विलांस और गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपित मामा रामाशीष पासवान (निवासी ग्राम सिमरी, थाना बखरी, जिला बेगूसराय) को दबोच लिया। इसके साथ ही जिस व्यक्ति ने ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर कर बच्चे को खरीदा था, उसे भी पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।
2 लाख में खरीदा और 3 लाख में आगे बेच दिया
पुलिस पूछताछ में बच्चा चोरी और मानव तस्करी के इस रैकेट से जुड़े बेहद चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। जांच टीम में शामिल एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपित मामा ने ऑनलाइन राशि लेकर अपने भांजे का सौदा दो लाख रुपये में किया था। वहीं, हिरासत में लिए गए खरीदार ने स्वीकार किया कि उसने उक्त मासूम को तीन लाख रुपये लेकर किसी अन्य व्यक्ति के हवाले कर दिया है।
बेगूसराय में लगातार दबिश
पुलिस सूत्रों के अनुसार, पकड़े गए दोनों आरोपितों की निशानदेही पर पुलिस की टीम बेगूसराय के विभिन्न इलाकों में डेरा डाले हुए है और लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। पुलिस का कहना है कि मासूम बच्चे की बिना किसी नुकसान के सकुशल बरामदगी उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
ओपी अध्यक्ष ने बताया कि जब तक बच्चे को सुरक्षित बचा नहीं लिया जाता, तब तक पूरे नेटवर्क को लेकर आधिकारिक रूप से विस्तृत खुलासा करना जांच को प्रभावित कर सकता है। जल्द ही मामले का पूर्ण पटाक्षेप किया जाएगा।
