जिस हाथ से बांधी राखी, उसी से दी इकलौते भाई को मुखाग्नि! खगड़िया में बाढ़ में डूबा मैट्रिक टॉपर; रो पड़ा पूरा गांव
Khagaria Flood Navneet Death: खगड़िया में बाढ़ के पानी में डूबने से 16 वर्षीय मैट्रिक टॉपर नवनीत कुमार की मौत ...और पढ़ें

Khagaria Flood Navneet Death: खगड़िया में बाढ़ के पानी में डूबा मैट्रिक टॉपर नवनीत, छोटी बहन मनीषा ने रुढ़ियों को तोड़ भाई को दी मुखाग्नि
HighLights
खगड़िया में बाढ़ में डूबकर 16 वर्षीय मैट्रिक टॉपर की मौत।
छोटी बहन मनीषा ने सामाजिक रूढ़ियां तोड़कर भाई को दी मुखाग्नि।
परबत्ता प्रखंड में बाढ़ से अब तक चार लोगों की जान गई।
संवाद सूत्र, परबत्ता (खगड़िया)। Khagaria Flood Navneet Death: बिहार के खगड़िया में गंगा और सहायक नदियों की प्रलयंकारी बाढ़ केवल फसलें और आशियाने ही नहीं लील रही, बल्कि परिवारों के कुलदीपक भी असमय बुझा रही है। परबत्ता प्रखंड के छोटी लगार गांव में शनिवार को एक ऐसा हृदय विदारक दृश्य सामने आया, जिसे देखकर श्मशान घाट पर मौजूद हर शख्स का कलेजा फट पड़ा। जिन नन्हे हाथों ने चंद दिनों पहले भाई की कलाई पर रक्षासूत्र बांधकर उसकी लंबी उम्र की दुआ मांगी थी, उन्हीं कांपते हाथों ने सामाजिक रुढ़ियों और मान्यताओं की बेड़ियां तोड़कर अपने इकलौते भाई की चिता को मुखाग्नि दी।
छोटी लगार गांव निवासी ब्रजेश यादव के 16 वर्षीय इकलौते पुत्र नवनीत कुमार की बीते गुरुवार को बाढ़ के गहरे पानी में डूबने से असमय मौत हो गई थी। नवनीत केवल घर का लाडला ही नहीं, बल्कि पढ़ाई में भी अव्वल था। वह प्लस टू उच्च विद्यालय टीमापुर लगार का वर्ष 2025 का मैट्रिक टॉपर रहा था। बेटे की होनहार प्रतिभा को देखकर माता-पिता ने उसके सुनहरे भविष्य के बड़े-बड़े सपने संजोए थे, लेकिन बाढ़ की निर्दयी लहरों ने एक झटके में पूरे परिवार की उम्मीदों को हमेशा के लिए दफन कर दिया।
कांपते हाथ और झर-झर बहते आंसू, मनीषा ने निभाया अंतिम धर्म
चूंकि नवनीत अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था, ऐसे में अंतिम संस्कार के समय दाह-संस्कार को लेकर असमंजस की स्थिति बन गई। लेकिन इस बेहद भावुक मोड़ पर नवनीत की छोटी बहन मनीषा ने असीम साहस का परिचय दिया। कक्षा सात में पढ़ने वाली मनीषा ने पुरानी सामाजिक कुरीतियों को दरकिनार करते हुए अपने भाई के अंतिम संस्कार की जिम्मेदारी खुद उठाई।
खगड़िया के परबत्ता प्रखंड अंतर्गत छोटी लगार में बाढ़ के पानी में डूबने से 16 वर्षीय नवनीत कुमार की दर्दनाक मौत
टीमापुर लगार प्लस टू विद्यालय का वर्ष 2025 का मैट्रिक टॉपर था नवनीत; परिवार का था इकलौता कुलदीपक
सामाजिक रूढ़ियों की बेड़ियां तोड़ कक्षा 7 में पढ़ने वाली छोटी बहन मनीषा ने कांपते हाथों से चिता को दी मुखाग्नि
परबत्ता में अब तक बाढ़ के पानी में डूबकर 4 लोगों की जा चुकी है जान; ब्रजेश यादव के घर में पसरा है गहरा कोहराम
जब मनीषा ने मुखाग्नि देने के लिए हाथ में आग ली, तो श्मशान घाट पर उपस्थित ग्रामीणों की आंखों से आंसुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। कांपते हाथों और आंखों से झर-झर बहते आंसुओं के बीच जैसे ही उसने भाई की चिता को अग्नि दी, वहां मौजूद हर ग्रामीण का गला रुंध गया। नवनीत की एक बड़ी बहन मौसम कुमारी भी है, जो इंटरमीडिएट की छात्रा है। दोनों बहनों के विलाप से पूरा इलाका दहल उठा है।
घर की खिड़कियों से आ रहीं चीत्कारें, गांव में सन्नाटा
इस मनहूस हादसे को बीते तीन दिन हो चुके हैं, लेकिन ब्रजेश यादव के घर से रह-रहकर उठने वाली करुण चीत्कारें थमने का नाम नहीं ले रही हैं। मां और बहनों की रुलाई सुनकर सांत्वना देने पहुंचे पड़ोसियों की आंखें भी नम हो जाती हैं। लोग ढांढ़स बंधाने आते हैं, लेकिन सन्नाटे के बीच जैसे ही कोई नवनीत का नाम लेता है, पूरा घर दहाड़ मारकर रो पड़ता है।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार, परबत्ता प्रखंड में इस सीजन की बाढ़ से जन-जीवन बुरी तरह अस्त-व्यस्त हो चुका है और अब तक पानी में डूबने से चार लोगों की अकाल मौत हो चुकी है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से शोकाकुल परिवार को तत्काल आपदा राहत मुआवजा राशि और सुरक्षा सहायता उपलब्ध कराने की पुरजोर मांग की है।
