कैमूर। वैश्विक महामारी कोरोना को हराने के लिए अब महिलाएं कमर कस चुकी हैं। इसको लेकर महिलाएं लोगों को घर घर जाकर वैक्सीनेशन के प्रति जागरूक कर रही हैं। यही नहीं रेफरल अस्पताल पहुंचकर अन्य महिलाओं के साथ कोविड का टीका लगवा रही है। मंगलवार को टीकाकरण अभियान वैक्सीन नहीं होने के कारण बंद रहने पर समाजसेवी महिला कुसुम तिवारी रेफरल अस्पताल पहुंची। वे अस्पताल के प्रबंधक व कर्मियों से कोविड वैक्सीन की जानकारी ली तथा उन्हें अस्पताल कर्मियों द्वारा कल का एक वायल वैक्सीन बचने की बात बताई गई। जिस कारण टीकाकरण अभियान मंगलवार को स्थगित किया गया है। लेकिन कुसुम ने अपने प्रयास से अन्य महिलाओं के साथ 10 लोगों को अस्पताल पहुंचा कोविड का टीकाकरण कराई। सिस्टम के साथ अस्पताल के कर्मियों ने रजिस्ट्रेशन कर सभी लोगों को पहला डोज दिया गया। टीकाकरण के पश्चात समाजसेवी महिला कुसुम ने कहा कि कोरोना को मात देने के लिए कोविड की वैक्सीन ही कवच है। बिना इसके हम सुरक्षित नहीं रह सकते। उन्होंने गांव व टोलों की महिलाओं के साथ अन्य लोगों को भी जागरूक किया तथा कहा कि टीकाकरण को लेकर किसी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। कोविड वैक्सीन पूरी तरह से सेफ व सुरक्षित है। उनकी बहन मधु तिवारी ने भी इस अभियान में सहयोग किया।

रेफरल अस्पताल के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ सुरेंद्र सिंह ने बताया कि रामगढ़ में वैक्सीनेशन के प्रति लोगों की दिलचस्पी काफी बढ़ रही है। ऐसी महिला हर गांव में हो जाए तो किसी तरह की समस्या टीकाकरण में नहीं आएगी।

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