सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री हरित कृषि संयंत्र योजना के अन्तर्गत कृषि संयंत्र बैंक स्थापित किये जाने के उद्देश्य से पैक्स अध्यक्षों के बीच ट्रैक्टर का वितरण किया गया। जिलाधिकारी नवीन कुमार ने पैक्स अध्यक्षों को ट्रैक्टर की चाबी सौंपी। उन्होंने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य कृषि यांत्रिकीकरण को लघु तथा सीमान्त कृषकों तक कृषि यांत्रिकीकरण का लाभ पहुंचाकर उपज में वृद्धि एवं किसानों के आय में बढ़ावा देना है।

कृषि संयंत्र बैंक की स्थापना से किसान सीधे कृषि के लिए मशीन का किराया पर ले सकते है। इस योजना का लाभ उठाकर आम किसान मशीन का उपयोग कर अधिक फसलों का उत्पादन कर दोगुनी कमाई कर सकते है। इससे उनके विकास के साथ-साथ राज्य में भी कृषि का विकास होगा। इस योजना के तहत चयनित पैक्सों को प्रति पैक्स 15 लाख रूपये की वित्तीय सहायता दी जाती है। जिसमें 50 फीसद ऋण एवं शेष अनुदान में दिया जाता है। सहकारिता पदाधिकारी बाबू राजा ने बताया कि 86 पैक्सों में से विभागीय दिशा निर्देश उपरांत 20 पैक्सों का चयन जिला स्तरीय समन्वय समिति द्वारा किया गया। 20 पैक्सों द्वारा प्रस्तावित 145 यंत्रों के लिए निविदा किया गया। विभागीय निर्देश के अनुरूप 20 पैक्सों में ट्रैक्टर क्रय के लिए निविदा प्रक्रिया सम्पन्न हुई। ट्रैक्टर निविदा में महिन्द्रा एवं एस्कार्ट लि. के रूप में सफल घोषित हुए। वर्तमान में महिन्द्रा के तीन एवं एस्कार्ट कम्पनी द्वारा नौ ट्रैक्टर उपलब्ध कराया गया है। शेष आठ ट्रैक्टर महिन्द्रा कम्पनी द्वारा उपलब्ध कराने का कार्य प्रक्रियाधीन है। इसके अलावा छह रोटावेटर तत्काल एस्कार्ट कम्पनी द्वारा उपलब्ध कराया गया है। इस मौके पर उपविकास आयुक्त मुकुल कुमार गुप्ता, दनोआवां पैक्स अध्यक्ष योगेंद्र शर्मा सहित कई लोग उपस्थित थे।

इन पैक्स अध्यक्षों को मिला ट्रैक्टर सेवनन, कल्पा, चिरी, मुरगांव, दावथु, कोकरसा, रामपुर, मंझोस, बढौना, उबेर, अहियासा, नोआवां

Edited By: Jagran