जागरण संवाददाता, अरवल

समाहरणालय के सभाकक्ष में बुधवार को राज्य सरकार के अतिपिछड़ा कल्याण विभाग सह जिला प्रभारी मंत्री विनोद कुमार सिंह की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में बाढ़ पीड़ितों के लिए उपलब्ध सुविधाओं तथा नुकसान की समीक्षा की गई। मौके पर प्रभारी मंत्री ने कहा कि बाढ़ पीड़ितों को किसी भी तरह की कोई असुविधा नही हो। ससमय सभी सुविधाएं उनलोगों को उपलब्ध कराएं। खासकर प्रभावित लोगों के स्वास्थ्य जांच की भी व्यवस्था करें। इतना ही नही उनलोगों के मवेशियों के लिए चारा तथा स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराएं। इस दौरान जिलाधिकारी रविशंकर चौधरी ने बताया कि अधिक बारिश होने के कारण जिले के तीन प्रखंडों में बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हुई है। वंशी प्रखंड इससे सबसे अधिक प्रभावित है। उन्होंने कहा कि सोनभद्र पंचायत के बहेलिया टोले के 100 परिवार, सादिकपुर के 100 परिवार तथा सोनभद्र के भी उतने ही परिवार इससे ज्यादा प्रभावित हैं। उनलोगों को बगल के स्कूल में सुरक्षित पहुंचा दिया गया है। सभी लोगों को राशन के साथ चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराया जा रहा है।डीएम ने बताया कि करपी प्रखंड के कुसरे तथा किजर में बाढ़ से ज्यादा नुकसान हुआ है। किजर में आठ तथा कुसरे में चार कच्चा मकान इसके कारण गिर गया है। कुर्था प्रखंड के अहमदपुर हरना पंचायत के वार्ड संख्या एक के घरों में पानी घूस जाने के कारण उनलोगों को प्राथमिक विद्यालय लारी में व्यवस्थित किया गया है। बाढ़ प्रभावित लोग जहां रह रहे हैं वहां सभी तरह की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे स्थिति सामान्य हो रही है। मौके पर जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि फसलों के नुकसान का जायजा लिया जा रहा है। जिन किसानों का फसल बाढ़ से नष्ट हुआ है उनलोगों को प्रति हेक्टेयर 13 हजार 500 रूपया उपलब्ध कराया जाएगा। बैठक में सड़क के क्षतिग्रस्त होने की बात भी कही गई। हालांकि संबंधित अधिकारियों ने बताया कि इसे जल्द मरम्मत कर दिया जाएगा। बैठक में जिले के प्रभारी सचिव प्रेम सिंह मीणा, पुलिस अधीक्षक राजीव रंजन, अपर समाहर्ता संजीव कुमार सिंह, उपविकास आयुक्त राजेश कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे।

Posted By: Jagran

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