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जन्म व मृत्यु निबंधन में गुणात्मक सुधार के निर्देश

गोपालगंज। जन्म व मृत्यु के निबंधन में सुस्ती को लेकर योजना व विकास विभाग ने आवश्यक सुधार लान

By Edited By: Published: Mon, 18 Jan 2016 05:43 PM (IST)Updated: Mon, 18 Jan 2016 05:43 PM (IST)
जन्म व मृत्यु निबंधन में गुणात्मक सुधार के निर्देश

गोपालगंज। जन्म व मृत्यु के निबंधन में सुस्ती को लेकर योजना व विकास विभाग ने आवश्यक सुधार लाने का निर्देश जारी किया है। विभाग के सचिव लिखे पत्र में कहा है कि अगर इस कार्य में सुस्ती बरती गयी तो दोषी व्यक्ति पर कार्रवाई की जाएगी।

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जन्म व मृत्यु के निबंधन के लिए चिन्हित किये गये कार्यालयों व कर्मियों द्वारा आये दिनों लापरवाही बरतने की घटनाओं को देखते हुए सचिव ने इस कार्य को वरीयता के आधार पर करने का निर्देश जारी करते हुए कहा कि अब सेविकाएं भी आंगनबाड़ी केन्द्रों पर जन्म व मृत्यु का निबंधन कर सकेंगी। इसके लिए जन्म व मृत्यु की तिथि के 21 दिनों के अंदर निबंधन करने का नियम निर्धारित है। योजना को चुस्त दुरुस्त तरीके से संचालित करने के लिए सचिव ने जिला सांख्यिकी पदाधिकारी को मासिक बैठक आयोजित करने तथा प्रत्येक माह की दस तारीख को निदेशालय को मासिक रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया है। सचिव ने जन्म व मृत्यु के निबंधन में रुचि नहीं लेने का उल्लेख करते कहा कि मासिक रिपोर्ट नहीं भेजा जाना इसके विरुद्ध सुस्ती को दर्शाता है।

यहां होगा जन्म व मृत्यु का निबंधन

* प्रत्येक ग्राम पंचायत के पंचायत सचिव के समक्ष।

* आंगनबाड़ी पर तैनात प्रत्येक सेविका के समक्ष।

* प्रत्येक अस्पताल के उपाधीक्षक के समक्ष।

* सरकारी अस्पताल के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के समक्ष।

* नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी के समक्ष।

* नगर पंचायत के विशेष पदाधिकारी के समक्ष।

* प्रखंड विकास पदाधिकारी के समक्ष।


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